बरेली- दिल झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। शादी के चंद घंटों बाद हादसे में दूल्हा समेत दो लोगों की मौत हो गई। हादसे से खुशियां मातम में बदल गई। खबर मिलते ही दुल्हन बेहोश हो गई। बरेली में शादी समारोह संपन्न होने के बाद रिश्तेदारों के लिए मिठाई लेने जाते समय दूल्हे की कार सड़क पर खड़े ट्रक से भिड़ गई। हादसे में दूल्हा समेत दो लोगों की मौत हो गई। तीन लोग घायल हुए हैं। एक घायल की हालत गंभीर होने पर उसे आईसीयू में भर्ती कराया गया है। हादसे के बाद दूल्हा-दुल्हन के परिवारों में कोहराम मच गया। शादी का खुशियां मातम में बदल गईं। दुल्हन समेत सभी परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मोहल्ला ठाकुरद्वारा निवासी रामसहाय अपनी पत्नी और बच्चों के साथ काम के सिलसिले में पंजाब के होशियारपुर में रहते हैं। उनका बेटा सतीश दिल्ली में एक कपड़े की दुकान पर काम करता है। सतीश की शादी के लिए इन दिनों पूरा परिवार ठाकुरद्वारा स्थित घर आया हुआ है। बृहस्पतिवार को सतीश की शादी मीरगंज के गांव संग्रामपुर निवासी स्वाति के साथ हुई थी। विवाह की रस्में पूरी करने के बाद देर शाम दुल्हन की विदा कराकर सभी घर आ गए। देर रात कुछ रिश्तेदारों को घर लौटना था। उन्हें विदाई के समय दी जाने वाली मिठाई खरीदने के लिए सतीश अपने फुफेरे भाई सचिन (20), अणुपुरा जागीर निवासी बहन के देवर विजनेश (25), होशियारपुर निवासी दोस्त रोहित (20) व एक अन्य के साथ कार से शहर जा रहे थे। इज्जतनगर थाना क्षेत्र में उनकी कार एक ढाबे के पास खड़े ट्रक से टकरा गई। हादसे में विजनेश की मौके पर ही मौत हो गई। एक को मामूली चोटें आई हैं। दूल्हा सतीश सहित अन्य दो की हालत गंभीर थी। सतीश व रोहित आईसीयू में भर्ती कराया गया था। शुक्रवार रात सतीश ने भी दम तोड़ दिया। दूल्हे की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। खबर सुनते ही दुल्हन बेहोश हो गई।

खतौली में अपंजीकृत क्लिनिक सील, स्वास्थ्य विभाग सख्त
खतौली में अपंजीकृत क्लिनिक सील करते हुए स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। विशेष अभियान के तहत दो क्लिनिकों पर ताला लगाकर नोटिस जारी किया गया। यह कदम जनपद में अवैध रूप से संचालित क्लिनिक और नर्सिंग होम के खिलाफ चल रही सख्त कार्रवाई का हिस्सा है। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा और मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुनील तेवतिया के निर्देश पर संयुक्त जांच टीम ने संबंधित क्लिनिकों का निरीक्षण किया। जांच के दौरान दोनों क्लिनिक अपंजीकृत पाए गए। अधिकारियों ने बताया कि संचालक वैध पंजीकरण प्रमाण पत्र या शैक्षिक योग्यता से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके, जिसके चलते तत्काल प्रभाव से कार्रवाई की गई। इसे भी पढ़ें: भाभी की





