कानपुर : पीएसआईटी कॉलेज हंगामा ने बुधवार को सचेंडी क्षेत्र में तनाव की स्थिति पैदा कर दी। दबौली निवासी 21 वर्षीय छात्र प्रखर सिंह की जेसीबी से टकराकर मौत के बाद गुस्साए छात्रों ने कॉलेज परिसर में जमकर प्रदर्शन किया। आक्रोशित छात्रों ने क्लासरूम में तोड़फोड़ की और कॉलेज प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए।
जेसीबी से टकराकर प्रखर सिंह की मौत
घटना सचेंडी स्थित पीएसआईटी कॉलेज से जुड़ी है। बताया गया कि दबौली के रहने वाले प्रखर सिंह (21 वर्ष) की जेसीबी से टकराने के बाद मौत हो गई। इस घटना के बाद छात्रों में भारी आक्रोश फैल गया। उनका आरोप था कि कॉलेज प्रशासन ने मामले में संवेदनशीलता नहीं दिखाई।
पीएसआईटी कॉलेज हंगामा में छात्रों का उग्र प्रदर्शन
बुधवार को छात्रों ने कॉलेज में जमकर नारेबाजी की। गुस्साए छात्रों ने क्लासरूम में तोड़फोड़ की। पुलिस मौके पर पहुंची और आक्रोशित छात्रों को शांत कराने का प्रयास करती रही, लेकिन छात्र अपनी मांगों पर अड़े रहे। सूचना पर कई थानों की फोर्स तैनात की गई। स्थिति को काबू में करने के लिए एसीपी कल्याणपुर, एसीपी पनकी समेत सचेंडी, अरमापुर, पनकी और रावतपुर की पुलिस मौके पर पहुंची। हालात बिगड़ते देख एडीसीपी पश्चिम कपिल देव सिंह ने छात्रों से वार्ता की और उन्हें समझाने का प्रयास किया।
छात्रों की प्रमुख मांगें क्या थीं?
पीएसआईटी कॉलेज हंगामा के दौरान छात्रों ने कई मांगें रखीं। उनकी मांग थी कि क्लास का समय सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक किया जाए और अटेंडेंस की अनिवार्यता 75 प्रतिशत तक सीमित की जाए। छात्रों ने कॉलेज प्रशासन पर उत्पीड़न का आरोप भी लगाया। छात्रों का आरोप था कि प्रखर सिंह की मौत के बाद कॉलेज प्रबंधन की ओर से कोई शोक सभा आयोजित नहीं की गई। अधिकारियों ने मैनेजमेंट से बात कर छात्रों की मांगों पर विचार करने और उचित कदम उठाने का आश्वासन दिया। फिलहाल पीएसआईटी कॉलेज हंगामा के बाद पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है।






