मुजफ्फरनगर नगर पालिका में ठेकेदार फर्म ने किया बड़ा घोटाला

तकनीकी छेड़छाड़ कर लाखों का फर्जी अंशदान दिखाया, जांच रिपोर्ट में खुली विभागीय मिलीभगत की पोल, ईओ ने एफआईआर व ब्लैकलिस्टिंग के आदेश दिए

मुजफ्फरनगर। नगरपालिका परिषद में आउटसोर्स सफाई कर्मचारियों के ईपीएफ और ईएसआई अंशदान का पैसा जमा करने को लेकर बड़ा घोटाला सामने आया है। महीनों से कर्मचारियों द्वारा उठाई जा रही शिकायतों के बाद कराई गई स्वतंत्र जांच में पाया गया कि सेवा प्रदाता फर्म ने वास्तविक जमा राशि को डिजिटल तौर पर बदलकर लाखों रुपये का फर्जी भुगतान दिखाया और इन फर्जी चालान के सहारे पालिका से मासिक भुगतान भी लगातार करा लिया गया। बड़े फर्जीवाड़े का यह खुलासा न केवल विभागीय लापरवाही को उजागर करता है, बल्कि यह भी साबित करता है कि श्रमिकों के अधिकारों से किस हद तक खिलवाड़ किया गया।
नगरपालिक परिषद में सफाई कर्मचारियों के ईपीएफ और ईएसआई अंशदान को लेकर हुए गड़बड़झाले ने पूरे शहर में हड़कंप मचा दिया है। कर्मचारियों की तरफ से लगातार शिकायत मिल रही थी कि उनके अंशदान का कोई संदेश नहीं आ रहा, जबकि पालिका फर्मों को हर महीने भुगतान करती रही। इसी क्रम में नगरपालिका की अधिशासी अधिकारी डॉ. प्रज्ञा सिंह ने मामले की जांच एक स्वतंत्र एजेंसी अजय प्लानर्स एंड कंसलटेंट्स को सौंप दी। जांच रिपोर्ट 2 जनवरी 2026 को जैसे ही सामने आई, फर्जीवाड़े की पूरी परत खुल गई।
जांच एजेंसी अजय प्लानर्स एंड कंसलटेंट्स के प्रोपराइटर लैबर लॉ अधिवक्ता अभय गोयल ने अपनी जांच में पाया कि सेवा प्रदाता फर्म अलर्ट सिक्योरिटास प्रा. लि. ने अक्टूबर 2025 में ईपीएफ विभाग में महज 69,494 रुपये जमा कराए, जिसमें 454 रुपये की विलंब शुल्क भी शामिल था, लेकिन नगरपालिका को दी गई रसीद में तकनीकी छेड़छाड़ कर यह करीब 70 हजार रुपये के अंशदान की जमा राशि 17,04,357 रुपये दर्शाई गई है। स्वतंत्र एजेंसी ने ईपीएफ विभाग से प्राप्त वास्तविक डेटा और बदली गई फर्जी रसीदें पालिका को उपलब्ध कराते हुए पूरे मामले में एक कूटरचित दस्तावेजों और साजिश के आधार पर नगरपालिका प्रशासन से की गई गंभीर धोखाधड़ी की पुष्टि की।
ईओ के अनुसार जांच में यह भी पता चला कि मार्च 2025 से नवंबर 2025 तक फर्म ने एक भी अंशदान जमा नहीं कराया, जबकि नगरपालिका को हर माह चालान प्रस्तुत किया जाता रहा। ईपीएफ विभाग द्वारा जारी सी-6 प्रतियों ने फर्म के लंबे समय से चल रहे घोटाले की पोल खोल दी। सफाई कर्मियों की आउटसोर्स सेवा प्रदान करने वाली दूसरी फर्म आरवाई सिक्योरिटी एंड इंटेलिजेन्स प्रा.लि. ने अक्टूबर 2025 का अंशदान सही जमा किया, लेकिन उसके पुराने महीनों के रिकॉर्ड भी संदिग्ध पाए गए। रिपोर्ट के अनुसार अगस्त 2025 तक ही राशि जमा की गई थी, इसके बाद महीनों तक कोई भुगतान नहीं हुआ। ईओ के अनुसार जांच रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि वेतन भुगतान से पूर्व चालान सत्यापन नगर स्वास्थ्य अधिकारी (एनएसए) डॉ. अजय प्रताप शाही के स्तर से होना चाहिए था, परंतु गंभीर लापरवाही के चलते फर्जी चालान बिना जांच के स्वीकार होते रहे। ईओ ने इसे पालिका की गरिमा को नुकसान पहुँचाने वाला और श्रमिकों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताया है।
आउटसोर्स सफाई कर्मियों के अंशदान में घोटाले की पुष्टि के बाद अधिशासी अधिकारी डॉ. प्रज्ञा सिंह ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अजय प्रताप शाही को कठोर आदेश जारी किए, इनमें कहा गया है कि संबंधित फर्मों पर तत्काल एफआईआर दर्ज कराई जाए, फर्जीवाड़ा करने वाली फर्मों को ब्लैकलिस्ट किया जाए, आगे से किसी भी भुगतान से पहले सभी चालानों का संपूर्ण सत्यापन अनिवार्य किया जाए और ईओ ने यह भी चेताया कि अब किसी भी प्रकार की शिथिलता को अक्षम्य माना जाएगा लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
आउटसोर्स सफाई कर्मियों की सेवा प्रदाता फर्मों ने यह फर्जीवाडा करते हुए कुल 397 कर्मचारियों के हक पर डाका डालने का काम किया है। ईओ ने बताया कि फर्जी अंशदान के कारण 369 सफाई कर्मचारियों और 28 ड्राइवरों को ईपीएफदृईएसआई की सुविधा नहीं मिल पाई। कई कर्मचारियों ने बताया कि उनके खातों में वर्षों से कोई अपडेट नहीं आया, जिससे भविष्य की सुरक्षा पर गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है। नगरपालिका अब विस्तृत जांच कर पूरे मामले को प्रशासनिक स्तर पर आगे बढ़ाने की तैयारी कर रही है। इसमें विभागीय मिलीभगत से भी इंकार नहीं किया जा रहा है।

इसे भी पढ़ें:  RLD आई रे-केन्द्रीय मंत्री संजीव बालियान के जुलूस में गूंजा जयंत का गीत

Also Read This

Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर में 5 करोड़ टैक्स बकाया, सरकारी दफ्तर बने बड़े बकायेदार

मुजफ्फरनगर नगर पालिका टैक्स बकाया 5 करोड़ रुपये से अधिक पहुंच गया है। एसएसपी कार्यालय पर 96 लाख और मंडी समिति पर 3.65 करोड़ रुपये लंबित हैं। ईओ प्रज्ञा सिंह ने सख्ती दिखाते हुए राजस्व निरीक्षकों का वेतन रोक दिया है।

Read More »

लोहियानगर मस्जिद मारपीट: लड्डू विवाद बना हिंसा

मेरठ के थाना लोहियानगर क्षेत्र में स्थित हापुड़ रोड की एक मस्जिद में सोमवार रात तरावीह की नमाज के बाद लोहियानगर मस्जिद मारपीट की घटना सामने आई। लड्डू बांटने के मामूली विवाद ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। लोहियानगर मस्जिद मारपीट की जड़ में लड्डू बांटने का विवाद प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तरावीह में कुरान शरीफ मुकम्मल होने की खुशी में लड्डू बांटे जा रहे थे। इसी दौरान कुछ युवकों के बीच कहासुनी शुरू हुई। मामूली बहस जल्द ही हाथापाई में बदल गई। आरोप है कि कुछ युवकों ने एक नमाजी को

Read More »

सेना का कुत्ता टायसन ने किश्तवाड़ में ढेर किए 3 आतंकी

जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ के छतरू जंगल इलाके में सेना का कुत्ता टायसन ने अदम्य साहस दिखाते हुए जैश-ए-मोहम्मद के तीन आतंकवादियों को ट्रैक करने में निर्णायक भूमिका निभाई। गोली लगने के बावजूद टायसन पीछे नहीं हटा और ऑपरेशन त्राशी-I को सफल बनाने में अहम साबित हुआ। रविवार, 22 फरवरी, 2026 को मिले खुफिया इनपुट के आधार पर आर्मी, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम ने छतरू क्षेत्र के एक धोक पर कार्रवाई की, जहां बड़े आतंकवादियों के छिपे होने की सूचना थी। जैसे ही स्पेशल फोर्स अंदर पहुंची, सेना का कुत्ता टायसन, जो भारतीय सेना की 2 पैरा स्पेशल फोर्सेज का एलीट जर्मन शेफर्ड और के-9 ट्रूपर है, को

Read More »

मुजफ्फरनगर में विकास भवन कर्मचारी धरना, कार्रवाई की मांग

मुजफ्फरनगर में मंगलवार को विकास भवन कर्मचारी धरना ने प्रशासनिक हलकों में हलचल पैदा कर दी। विकास भवन कर्मचारी एसोसिएशन के बैनर तले कर्मचारियों ने ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अधिशासी अभियंता अनिल कुमार के खिलाफ परिसर में धरना-प्रदर्शन किया और सख्त कार्रवाई की मांग उठाई। कर्मचारियों का आरोप है कि अधिशासी अभियंता द्वारा एक कर्मचारी के साथ अभद्र व्यवहार और अमर्यादित टिप्पणी की गई, जिससे पूरे कार्यालय में रोष का माहौल है। एसोसिएशन पदाधिकारियों के अनुसार, हाल ही में एक कर्मचारी के साथ कथित रूप से अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया गया। इस घटना के बाद कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ गई। उन्होंने बताया कि मामले की जानकारी पहले भी उच्च अधिकारियों

Read More »

यमुनोत्री धाम घोड़े-खच्चर संचालन एसओपी लागू, शाम 6 बजे के बाद रोक

चारधाम यात्रा से पहले यमुनोत्री धाम घोड़े-खच्चर संचालन एसओपी लागू की जाएगी। जिला प्रशासन ने साफ कर दिया है कि शाम छह बजे के बाद पैदल मार्ग पर घोड़े-खच्चरों का संचालन नहीं होगा। सुरक्षा, स्वास्थ्य और पशु क्रूरता रोकने को लेकर विशेष इंतजाम किए जाएंगे। इस नई व्यवस्था के तहत यात्रा रूट पर चलने वाले घोड़ा-खच्चरों की निगरानी कड़ी की जाएगी और अतिरिक्त बोझ डालने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। डीएम प्रशांत आर्य ने जिला पंचायत और पशु पालन विभाग को संयुक्त रूप से एसओपी तैयार करने के निर्देश दिए हैं। दोनों विभाग जल्द ही यमुनोत्री पैदल मार्ग का निरीक्षण करेंगे।विशेष रूप से पशु क्रूरता को रोकने के लिए कड़े

Read More »

पश्चिम बंगाल अदालत बम धमकी से 6 कोर्ट खाली

पश्चिम बंगाल अदालत बम धमकी से मंगलवार दोपहर राज्य की छह जिला अदालतों में अफरा-तफरी मच गई। ई-मेल के जरिए बम प्लांट होने की सूचना मिलते ही अदालतों को तत्काल खाली कराया गया और न्यायिक कार्य प्रभावित हुआ। दोपहर 2 बजे तक चली तलाशी में कहीं भी कोई विस्फोटक सामग्री नहीं मिली। कोलकाता के सिटी सिविल एंड सेशंस कोर्ट, बैंकशॉल कोर्ट सहित हुगली जिले के चिनसुराह, पश्चिम बर्दवान के आसनसोल व दुर्गापुर और मुर्शिदाबाद के बेरहामपुर अदालतों को यह धमकी मिली थी। धमकी मिलते ही पुलिस ने स्निफर डॉग्स, बम डिस्पोजल स्क्वाड और विशेष सुरक्षा टीमों को मौके पर भेजा। सभी अदालत परिसरों की सघन जांच की गई। तलाशी के

Read More »