मुजफ्फरनगर। जनपद के सिखेड़ा में चितौड़ा गंगनहर झाल में नहाते समय दो छात्रों के डूबने की घटना को तीन दिन बीत चुके हैं। बुधवार को लद्दाख के छात्र का शव बरामद हुआ, जबकि दूसरे की तलाश जारी है। सिखेड़ा क्षेत्र में चितौड़ा गंगनहर झाल में नहाते हुए छात्र अब्बास और काजिम डूब गए थे। बुधवार को पांचवें दिन खतौली क्षेत्र के गांव सराय रसूलपुर क्षेत्र में गंगनहर पुल से पहले ग्रामीणों ने एक शव बहते देखा। ग्रामीणों ने शव को बाहर निकाल लिया। सिखेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची। शव की शिनाख्त 13 वर्षीय लद्दाख के छात्र अब्बास के रूप में हुई। बता दे कि बीते शनिवार शाम को संधावली स्थित छात्रावास में रहकर शिक्षा ग्रहण करने वाले लद्दाख के शहर कारगिल निवासी छात्र अब्बास ;13द्ध व लद्दाख के ही उसके साथी मुस्तफा ;12द्ध अपने दो दोस्तों मेरठ के जैदी फार्म हाउस नौचंदी निवासी काजिम ;22द्ध और सिखेड़ा क्षेत्र के गांव भटौड़ा निवासी शान हैदर ;14द्ध के साथ सिखेड़ा गंगनहर की चितौड़ा झाल में नहाने गए थे। नहाते हुए दो छात्र लद्दाख का अब्बास और मेरठ का काजिम डूब गए थे। रविवार से मेरठ पीएसी के गोताखोर दोनों छात्रों को तलाश कर रहे थे। बुधवार दोपहर को खतौली क्षेत्र के गांव सराय रसूलपुर क्षेत्र में गंगनहर पुल से पहले लद्दाख के छात्र अब्बास का शव मिला। जबकि इस दौरान दूसरे छात्र काजिम का पता नहीं चल सका है। गोताखोर दूसरे छात्र को तलाश कर रहे हैं।

होलिका दहन 2026: जानें सही नियम और शुभ मुहूर्त
होलिका दहन 2026 फाल्गुन मास की पूर्णिमा को मनाया जाएगा। यह पर्व केवल रंगों की होली का आरंभ नहीं है, बल्कि बुराई पर अच्छाई की विजय का प्रतीक भी है। धार्मिक मान्यता के अनुसार भक्त प्रह्लाद की अटूट भक्ति और भगवान विष्णु के नरसिंह अवतार की कृपा से होलिका अग्नि में भस्म हो गई और प्रह्लाद सुरक्षित रहे। इसी घटना की स्मृति में होलिका दहन किया जाता है। होलिका की अग्नि को पाप, रोग और नकारात्मक ऊर्जा के नाश का प्रतीक माना जाता है। इस दिन श्रद्धा और विधि-विधान से पूजन करने से जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। तिथि और शुभ मुहूर्त वैदिक पंचांग के अनुसार 2





