सीतापुर। उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले से एक दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। अनिया कला क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध महामाई मंदिर परिसर में रविवार सुबह एक नवविवाहित दंपती के शव पेड़ से लटके हुए मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। चौंकाने वाली बात यह है कि दोनों ने महज 22 दिन पहले इसी मंदिर में विवाह किया था।
मृतकों की पहचान खुशीराम (22) पुत्र निवासी बस्ती पुरवा, लहरपुर और उसकी पत्नी मोहिनी (19) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, दोनों के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध था और पारिवारिक असहमति के बावजूद उन्होंने 6 दिसंबर को महामाई मंदिर में वैदिक रीति-रिवाज से प्रेम विवाह किया था।
पुलिस का कहना है कि विवाह के शुरुआती दिनों में परिवारों में नाराजगी और तनाव था, लेकिन धीरे-धीरे हालात सामान्य होने लगे थे। परिजन भी इस रिश्ते को स्वीकार करने के लिए तैयार हो रहे थे। शादी के बाद खुशीराम अपनी पत्नी के साथ लहरपुर स्थित घर में परिवार के साथ रह रहा था। ऐसे में अचानक यह घटना सामने आने से हर कोई स्तब्ध है।
रविवार तड़के जब ग्रामीण महामाई मंदिर में पूजा-अर्चना के लिए पहुंचे, तो परिसर में लगे एक पुराने पेड़ से पति-पत्नी के शव एक ही रस्सी के फंदे से लटके हुए दिखाई दिए। यह दृश्य देखकर लोगों में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। घटना की सूचना मिलते ही हरगांव थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी बलवंत शाही ने बताया कि दोनों शवों को फंदे से नीचे उतरवाकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
पुलिस यह जांच कर रही है कि शादी के महज 22 दिन बाद ऐसा कौन-सा कारण सामने आया, जिसने इस युवा दंपती को आत्मघाती कदम उठाने के लिए मजबूर कर दिया। मामले में मानसिक दबाव, पारिवारिक तनाव या किसी अन्य कारण की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है।
थाना प्रभारी के अनुसार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारण और समय को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल पुलिस परिजनों से पूछताछ कर रही है और मामले की गहनता से जांच जारी है।






