नई दिल्ली- अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा एच-1बी वीजा आवेदन शुल्क को 1,00,000 डॉलर तक बढ़ाने के फैसले के बाद उद्योग जगत में गहरी चिंता फैल गई है। इस घोषणा के तुरंत बाद माइक्रोसॉफ्ट और जेपी मॉर्गन जैसी बड़ी कंपनियों ने कर्मचारियों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एच1-बी वीजा के शुल्क में भारी बढ़ोतरी के फैसले ने उद्योग जगत में खलबली मचा दी है। ट्रंप के एलान के बाद कई अमेरिकी कंपनियों ने अपने कर्मचारियों जो जल्द वापस लौटने के लिए कहा है। माइक्रोसॉफ्ट ने एच-1बी और एच-4 वीजा धारकों को निकट भविष्य में अमेरिका में ही रहने की सलाह दी है।

अरावली में अवैध खनन पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, बनेगी हाई-लेवल एक्सपर्ट कमेटी
अरावली पर्वतमाला में अवैध खनन को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने चेतावनी दी कि इस तरह की गतिविधियां पर्यावरण को ऐसा नुकसान पहुंचा सकती हैं, जिसकी भरपाई संभव नहीं होगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए शीर्ष अदालत ने खनन से जुड़े तमाम पहलुओं की गहन जांच के लिए एक उच्चस्तरीय विशेषज्ञ समिति गठित करने का फैसला किया है। सुनवाई के दौरान अदालत ने स्पष्ट किया कि अरावली जैसे संवेदनशील और पारिस्थितिक रूप से अहम क्षेत्र में अवैध खनन केवल प्रकृति ही नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी बड़ा खतरा बन सकता है। कोर्ट ने अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल और एमिकस क्यूरी को निर्देश





