चमोली। नंदानगर के कुन्तरि लगाफाली वार्ड में छह घर मलबे में दब गए। जिलाधिकारी ने बताया कि सात लोग लापता हैं, जबकि दो को बचा लिया गया है। चमोली में नगर पंचायत नंदानगर के वार्ड कुन्तरि लगाफाली में बादल फटने के कारण मलबा आने से छह भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए। साथ ही सात लोग लापता हैं और दो को बचा लिया गया है। राहत एवं बचाव कार्य जारी है। साथ ही धुर्मा गांव में भी भारी वर्षा के कारण मकानों को नुकसान पहुंचा है। उधर, देहरादून जिले में गुरुवार को सभी स्कूल व आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश रहेगा! चमोली के जिला मजिस्टन्न्ेट संदीप तिवारी ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि चमोली जिले के नंदानगर घाट क्षेत्र में बुधवार रात बादल फटने से भारी नुकसान हुआ है। नंदानगर के कुन्तरि लगाफाली वार्ड में छह घर मलबे में दब गए। जिलाधिकारी ने बताया कि सात लोग लापता हैं, जबकि दो को बचा लिया गया है। एसडीआरएफ टीम नंदप्रयाग पंहुच गई है, एनडीआरएफ भी नंद प्रयाग के लिए गोचर से नंदप्रयाग को रवाना हो गई। सीएमओ द्वारा जानकारी दी गयी कि मेडिकल टीम, तीन 108 एम्बुलेंस मौके पर रवाना कर दी गई हैं। नंदानगर तहसील के धुर्मा गांव में भी भारी वर्षा के कारण 4-5 भवनों को क्षति पहुंचने की सूचना प्राप्त हुई है, राहत की बात है कि जनहानि नहीं हुई है। मोक्ष नदी का जलस्तर बढ़ा है।

प्रयागराज में शंकराचार्य शिविर के बाहर तनाव, नारेबाजी के बाद सुरक्षा बढ़ी
प्रयागराज। माघ मेले के दौरान शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और मेला प्रशासन के बीच पिछले सात दिनों से चला आ रहा विवाद शनिवार रात और गहरा गया। देर रात एक संगठन से जुड़े 10 से 15 युवक भगवा झंडे लेकर शंकराचार्य के शिविर के बाहर पहुंचे और नारेबाजी शुरू कर दी। हालात उस समय तनावपूर्ण हो गए, जब कुछ लोगों ने शिविर के भीतर प्रवेश करने की कोशिश की। सूत्रों के अनुसार, युवकों ने “सीएम योगी जिंदाबाद” और “आई लव बुलडोजर” जैसे नारे लगाए। इस दौरान शंकराचार्य के शिष्यों और वहां मौजूद सेवकों के साथ धक्का-मुक्की भी हुई। करीब 15 मिनट तक शिविर के बाहर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। इसे





