हैदराबाद के मेहदीपटनम इलाके में केमिकल वाली आइसक्रीम और लस्सी बनाने वाली एक फैक्ट्री पर पुलिस ने छापा मारकर मालिक सैयद मुशरफुद्दीन को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, फैक्ट्री में बेहद गंदी हालत में उत्पादन किया जा रहा था और हानिकारक केमिकल्स का इस्तेमाल होने से लोगों की सेहत पर गंभीर खतरा पैदा हो रहा था। संयुक्त छापेमारी गोलकोंडा जोन कमिश्नर टास्क फोर्स और मेहदीपटनम पुलिस ने की। यह कार्रवाई अहमद नगर, फर्स्ट लांसर, बड़ा बाजार इलाके में स्थित आलिया आइसक्रीम पार्लर पर की गई।
पुलिस के अनुसार, २४ वर्षीय सैयद मुशरफुद्दीन अधिक मुनाफा कमाने के लिए घटिया सामग्री और हानिकारक केमिकल्स का इस्तेमाल कर रहा था। फैक्ट्री में साफ-सफाई का भी बिल्कुल ध्यान नहीं रखा गया था। पुलिस ने आरोपी को गंदे तरीके से आइसक्रीम और लस्सी बनाने और सप्लाई करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। मामले में मेहदीपटनम पुलिस स्टेशन में संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है।छापेमारी के दौरान पुलिस ने बड़ी मात्रा में तैयार माल, कच्चा माल और मशीनरी जब्त की।
पुलिस के मुताबिक, मौके से आइसक्रीम के ९२ पैकेट मिले, जिनमें हर पैकेट में १८० पीस थे। इसके अलावा लस्सी के २० पैकेट बरामद किए गए, जिनमें प्रत्येक में २१० पीस थे। करीब ३०० गिलास तैयार लस्सी भी मौके से मिली। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मौके से १०-१० किलो वजन की दही से भरी १५ बाल्टियां, ५० किलो चीनी, ८ किलो साइट्रिक एसिड और ५०० ग्राम सुक्रोज बरामद किया गया। जांच में आम, संतरा और ब्लूबेरी फ्लेवर के उपयोग की भी पुष्टि हुई।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने उत्पादन में इस्तेमाल हो रही कई मशीनें भी जब्त कीं। इनमें एक आइस कैंडी बनाने की मशीन, एक लस्सी बनाने की मशीन, तीन पैकिंग मशीनें, दो हैंड-पैकिंग मशीनें और लस्सी के गिलास पैक करने की एक मशीन शामिल हैं। इसके अलावा छह रेफ्रिजरेटर और बड़ी संख्या में पैकिंग कवर भी बरामद किए गए। पुलिस के अनुसार, जब्त किए गए सामान की कुल अनुमानित कीमत करीब ५.४४ लाख रुपये है।
टास्क फोर्स ‘ए’ के एडीसीपी श्रीनिवास राव ने कहा, “आरोपी गंदे तरीके से आइसक्रीम और लस्सी बना रहा था और शहर के विभिन्न हिस्सों में ग्राहकों को सप्लाई करते समय हानिकारक केमिकल्स का इस्तेमाल कर रहा था। सिर्फ मुनाफा कमाने के लिए वह लोगों की हेल्थ के साथ खिलवाड़ कर रहे थे।” पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इन उत्पादों की सप्लाई शहर के किन-किन इलाकों में की जा रही थी।
साथ ही यह पता लगाया जा रहा है कि इस अवैध धंधे में अन्य लोग भी शामिल थे या नहीं। यह मामला सिर्फ मिलावट का नहीं, बल्कि सार्वजनिक स्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा है। केमिकल वाली आइसक्रीम और गंदी परिस्थितियों में बनी लस्सी लोगों के लिए बड़ा खतरा बन सकती है।पुलिस की जांच के बाद इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों पर भी कार्रवाई हो सकती है। फिलहाल, आरोपी से पूछताछ जारी है और सप्लाई श्रृंखला की पड़ताल की जा रही है।






