रुड़की से कोर्ट में पेशी पर लाते समय जाम में फंसे वाहन पर बदमाशों ने की थी फायरिंग, विनय को लगी तीन गोलियां
मुजफ्फरनगर। पुरकाजी थानाक्षेत्र के गांव खाईखड़ी निवासी कुख्यात बदमाश विनय त्यागी उर्फ टिंकू त्यागी की शनिवार को ऋषिकेश एम्स में उपचार के दौरान मौत हो गई। विनय त्यागी पर रुड़की कारागार से एसीजेएम कोर्ट लक्सर में पेशी पर लाने के दौरान बुधवार को बदमाशों ने पुलिस अभिरक्षा में ही हमला करते हुए अंधाधुंध फायरिंग की थी। घटना में विनय त्यागी को तीन गोलियां लगीं थी और उसकी सुरक्षा के लिए पुलिस वाहन में मौजूद दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए थे।
रुड़की कारागार में बंद मुजफ्फरनगर जनपद के पुरकाजी थाना क्षेत्र के गांव खाईखेड़ी निवासी कुख्यात बदमाश विनय त्यागी की धोखाधड़ी के एक मामले में बुधवार को लक्सर एसीजेएम कोर्ट में पेशी थी। कारागार से चालक सहित छह पुलिसकर्मी सरकारी वाहन में उसे पेशी पर ला रहे थे। लक्सर बाईपास पर फ्लाईओवर के मध्य जाम के कारण वाहन को रोकना पड़ा। इस जगह पर पहले से घात लगाकर मौजूद दो बाइक सवार नकाबपोश बदमाशों ने पुलिस के वाहन पर गोलियां बरसा दीं। वाहन में मौजूद विनय त्यागी को तीन गोलियां लगीं। वह वाहन में ही लहुलूहान होकर गिर गया। अफरा तफरी में दो पुलिसकर्मियों को भी चोटें आई। कोई कुछ समझ पाता, इससे पहले बदमाश भीड़ के बीच हथियार लहराते हुए भाग निकले। घायल अवस्था में विनय त्यागी को लक्सर सीएचसी ले जाया गया, जहां से हायर सेंटर रेफर किया गया।
वारदात की सूचना पर एसपी देहात शेखर चंद सुयाल, सीओ नताशा सिंह, कोतवाली प्रभारी राजीव रौथाण, मंगलौर कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह, खानपुर एसओ धर्मेंद्र राठी सहित बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे थे। चारों तरफ से नाकाबंदी कर पुलिस बदमाशों की तलाश में जुटी रही, लेकिन आरोपियों का कोई सुराग नहीं लग सका था। पुलिस लाइन में तैनात उपनिरीक्षक नरेंद्र सिंह की ओर से लक्सर कोतवाली में अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने इस मामले में आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया गया था। एम्स ऋषिकेश के पीआरओ शीलॉय मोहंती ने बताया कि त्यागी को एम्स में भर्ती कराया गया था, उसके सीने पर गोली लगी थीं। उसकी हालत बेहद नाजुक थी। शनिवार को विनय त्यागी की मौत हो गई। विनय पुरकाजी थाने का हिस्ट्रीशीटर था और उस पर 57 मुकदमे दर्ज थे।
29 साल पहले प्रेम-प्रसंग के विवाद में किया था जीजा-साले का कत्ल, पत्नी को दो बार बनाया ब्लॉक प्रमुख
मुजफ्फ्फरनगर। खाईखेड़ी गांव के गैंगस्टर विनय त्यागी उर्फ टिंकू पर यूपी और उत्तराखंड के विभिन्न थानों में 57 मुकदमे दर्ज थे। आरोपी का मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा और देहरादून में प्रॉपर्टी के विवादित मामलों में सीधा दखल रहता था। विनय की हमेशा से ही सियासत के मैदान में उतरने की ख्वाहिश रही। इसी के कारण विनय ने अपनी पत्नी नीशू को भी दो बार पुरकाजी ब्लॉक से प्रमुख बनवाया। सहारनपुर की देवबंद सीट से खुद भी विधानसभा का चुनाव लड़ा था।
विनय त्यागी के पिता मेरठ में नौकरी करते थे। वहीं पर विनय त्यागी की पढ़ाई भी हुई। अपराध की राह पकड़ी तो साल 1996 में खाईखेड़ी में प्रेम-प्रसंग को लेकर हुए विवाद के बाद संदीप उर्फ टोनी और उसके बहनोई गाजियाबाद के पिलखुआ निवासी प्रदीप की हत्या में विनय का नाम आया था। इसके बाद मुजफ्फरनगर में छपार, पुरकाजी, नई मंडी थाने में आरोपी के खिलाफ कई अपराधों में शामिल रहने के कारण मुकदमे दर्ज हुए। अक्तूबर माह में देहरादून पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया था। देहरादून के नेहरू कॉलोनी थाने में डॉ. प्रमोद त्यागी ने अपनी गाड़ी से गहने, रुपये और अन्य सामान चोरी होने का मुकदमा इसी साल 14 सितंबर को दर्ज कराया था। पुलिस ने 13 अक्तूबर को विनय त्यागी और खाईखेड़ी निवासी भाकियू नेता हरिओम त्यागी को पकड़ लिया। हरिओम त्यागी को जमानत मिल चुकी है। जबकि विनय त्यागी पर अन्य मामलों में भी आरोप होने के कारण रिहाई नहीं मिल पाई थी। वह रुड़की जेल में बंद था। 30 अक्तूबर को विनय की जमानत अर्जी देहरादून में खारिज कर दी गई थी। छपार थाने में विनय त्यागी पर दुष्कर्म का झूठा मुकदमा दर्ज कराने की साजिश का केस भी सात साल पहले दर्ज हुआ था। इस प्रकरण में फाइनल रिपोर्ट दाखिल की गई थी। कोर्ट ने वादी को नोटिस जारी कर दिया था, जिसकी सुनवाई 10 मार्च को होनी तय की गई, लेकिन अब विनय की मौत होने के कारण उसके खिलाफ चल रहे सभी मामले बंद किये जायेंगे।





