सामाजिक समरसता, संगठन और जागरूकता पर नेताओं ने रखे विचार, समाज से ऊपर कोई नहीं, एकता ही उत्थान का मार्ग
मुज़फ्फरनगर। गठवाला खाप की पंचायत बुधवार को जग्गाहेड़ी में आयोजित की गई, जिसमें सामाजिक एकता और संगठन को मजबूत करने पर विस्तृत चर्चा हुई। पंचायत की अध्यक्षता रामपाल मलिक ने की और संचालन मोहित मलिक ने संभाला। बैठक में 15 दिसंबर को लिसाढ़ में होने वाली मलिक खाप की पंचायत में बढ़-चढ़कर शामिल होने का आह्वान किया गया।
पंचायत को संबोधित करते हुए सोहेजनी थाबें के चौधरी रविंद्र मलिक ने कहा कि गठवाला और उनके बीच किसी प्रकार का मतभेद नहीं है, लेकिन कुछ लोग अनावश्यक भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि सोरम जाने के पीछे विशेष कारण थे, परंतु खाप की एकता और सम्मान उनके लिए सर्वाेपरि है। श्याम सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि समाज के हित में व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाओं का त्याग आवश्यक है। उन्होंने कहा कि गलती किसी से भी हो सकती है, लेकिन उसे स्वीकार करना और सुधार के लिए आगे आना ही सच्ची सामाजिक प्रतिबद्धता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि लक्ष्य जोड़ना है, तोड़ना नहींकृऔर यदि एकता के प्रयासों से भी किसी को आपत्ति है, तो यह उनके नियंत्रण से बाहर है।
गठवाला खाप के चौधरी राजेंद्र सिंह मलिक ने कहा कि इतिहास सभी का लिखा जाएगा और जब बहिष्कार जैसे निर्णयों की समीक्षा होगी, तो यह भी दर्ज होगा कि सर्वखाप प्रक्रियाओं के मार्ग में अवरोध किसने खड़े किए। उन्होंने समाज से परिवार स्तर पर एकता को मजबूत करने की अपील की और कहा कि जब परिवार संगठित होंगे तो समाज भी मजबूत होगा, और दूसरे लोग भी उसे आदर्श मानेंगे। उन्होंने समाज में बढ़ रही बुराइयों पर चिंता व्यक्त करते हुए जागरूकता और सुधार के लिए निरंतर प्रयास करने का आग्रह किया। साथ ही कहा कि किसान और समाज हित के कार्य निरंतर चलते रहेंगे, तथा आगामी 15 दिसंबर की पंचायत में एकजुट होकर अपनी सामूहिक शक्ति का प्रदर्शन करना सभी के लिए महत्वपूर्ण है। आयोजक मोहित मलिक ने सभी उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया और समाज को सशक्त बनाने के लिए निरंतर योगदान देने की अपील की।






