मंत्री कपिलदेव अग्रवाल ने मुजफ्फरनगर में वायु प्रदूषण के कारणों की गहन समीक्षा करने और इस पर नियंत्रण पाने हेतु एक सुदृढ़ तथा त्वरित कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया
मुजफ्फरनगर। जनपद मुजफ्फरनगर में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) के अत्यंत चिंताजनक स्तर 400 पर पहुँच जाने के गंभीर विषय का संज्ञान लेते हुए शनिवार की सुबह मंत्री कपिल देव ने लखनऊ स्थित अपने शासकीय आवास पर तत्काल एक महत्वपूर्ण बैठक आहूत की। इस बैठक में मंत्री कपिलदेव अग्रवाल ने उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सदस्य सचिव संजीव कुमार सिंह, को मुजफ्फरनगर की वर्तमान प्रदूषित वायु स्थिति से विस्तारपूर्वक अवगत कराया और इसके लिए आवश्यक एवं तात्कालिक कदम उठाने के निर्देश दिए गये।
मुजफ्फरनगर सदर सीट से विधायक और प्रदेश सरकार में व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता विभाग के मंत्री स्वतंत्र प्रभार कपिल देव अग्रवाल ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सदस्य सचिव के समक्ष यह बात रखी कि इस विकट वायु प्रदूषण के कारण सामान्य जनजीवन पर अत्यधिक नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है और आम जनमानस को श्वास संबंधी एवं अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर ज़ोर दिया कि नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा सर्वाेपरि है और इस दिशा में किसी भी प्रकार की शिथिलता अक्षम्य होगी।
संजीव कुमार सिंह के समक्ष, मंत्री कपिलदेव अग्रवाल ने मुजफ्फरनगर में वायु प्रदूषण के कारणों की गहन समीक्षा करने और इस पर नियंत्रण पाने हेतु एक सुदृढ़ तथा त्वरित कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया। उन्होंने विभाग को स्पष्ट आदेश दिए कि वह वायु गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए तत्काल प्रभाव से सभी आवश्यक एवं उचित कार्यवाहियाँ सुनिश्चित करे। यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया कि प्रदूषणकारी गतिविधियों पर कठोर अंकुश लगाया जाए और जनहित में प्रदूषण नियंत्रण के मानकों का सख्ती से पालन करवाया जाए। मंत्री कपिल देव ने आशा व्यक्त की कि प्रदूषण नियंत्रण विभाग इस गंभीर स्थिति की तात्कालिकता को समझते हुए अविलंब कार्रवाई करेगा, जिससे मुजफ्फरनगर के निवासी स्वच्छ वायु में श्वास ले सके।





