मुजफ्फरनगर की जानसठ तहसील मारपीट की घटना ने शनिवार को पूरे तहसील परिसर में अफरा-तफरी मचा दी। एक मकान के बैनामे को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया, जिसमें एक वरिष्ठ अधिवक्ता गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद तहसील परिसर में काफी देर तक तनाव का माहौल बना रहा।
बैनामे के विरोध में बढ़ा विवाद, मारपीट तक पहुंचा मामला
पूरा मामला भोपा थाना क्षेत्र के रहमतपुर गांव से जुड़ा है। गांव निवासी बुजुर्ग राजेंद्र सिंह शनिवार को अपने एक मकान का बैनामा करने के लिए जानसठ तहसील कार्यालय पहुंचे थे।जैसे ही उनकी बेटी संजू और दामाद प्रवीण को इसकी जानकारी मिली, वे अन्य रिश्तेदारों और ससुराल पक्ष के लोगों के साथ तहसील पहुंच गए। परिजनों ने रजिस्ट्री का कड़ा विरोध शुरू कर दिया।इसी दौरान मौजूद अधिवक्ताओं और परिजनों के बीच तीखी नोकझोंक हुई, जो कुछ ही देर में हाथापाई और मारपीट में बदल गई।
जानसठ तहसील मारपीट के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता घायल
संघर्ष के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता प्रमोद कुमार शर्मा को गंभीर चोटें आईं। सूचना मिलते ही क्षेत्राधिकारी जानसठ रूपाली राव पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं।बताया जा रहा है कि पुलिस के बीच-बचाव के बावजूद दोनों पक्षों के बीच काफी देर तक हंगामा चलता रहा। पुलिस ने स्थिति संभालते हुए घायल अधिवक्ता को तत्काल मेडिकल परीक्षण और उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया।
एसपी ग्रामीण आदित्य बंसल ने बताया कि राजेंद्र नामक व्यक्ति अपनी संपत्ति की रजिस्ट्री कराने आए थे, जिसका विरोध उनके दामाद और बेटी के ससुराल पक्ष के लोगों ने किया। इसी विवाद में अधिवक्ताओं और हमलावर पक्ष के बीच हाथापाई हुई। पुलिस को अधिवक्ताओं की ओर से तहरीर प्राप्त हो चुकी है।






