रालोद में आक्रोश-जाट संसद के नेता पलसानिया के खिलाफ मुकदमा दर्ज

अंतरजातीय विवाह पर बयान और चौधरी चरण सिंह पर टिप्पणी के बाद बढ़ा विवाद, कई थानों के घेराव के बाद भौराकलां में हुई एफआईआर

मुजफ्फरनगर। जनपद मुजफ्फरनगर में अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के संस्थापक अध्यक्ष राम अवतार पलसानिया के विवादित बयान को लेकर राजनीतिक और सामाजिक माहौल गर्मा गया है। जाट समाज, किसानों और रालोद कार्यकर्ताओं के विरोध के बीच भौराकलां थाने में उनके खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।

मुजफ्फरनगर में अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के संस्थापक अध्यक्ष राम अवतार पलसानिया, निवासी जयपुर (राजस्थान), के खिलाफ भौराकलां थाने में विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। यह कार्रवाई उनके द्वारा हाल ही में जाट समाज में अंतरजातीय विवाह व्यवस्था को लेकर दिए गए विरोधात्मक बयान और पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न चौधरी चरण सिंह पर की गई टिप्पणी के बाद हुई है।

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पलसानिया के बयान के बाद से ही रालोद कार्यकर्ताओं और किसान संगठनों में भारी रोष देखने को मिल रहा था। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में विरोध प्रदर्शन हुए, जहां रालोद नेताओं और कार्यकर्ताओं ने विभिन्न थानों का घेराव कर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा और कार्रवाई की मांग की। इसी क्रम में बुढ़ाना विधानसभा क्षेत्र से विधायक एवं विधानमंडल में रालोद दल के नेता राजपाल बालियान के पैतृक गांव गढ़ी नौआबाद में भी एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में रालोद नेताओं, कार्यकर्ताओं, समर्थकों और किसानों ने एकजुट होकर मामले पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया। बैठक के दौरान ही भौराकलां पुलिस को मौके पर बुलाकर राम अवतार पलसानिया के खिलाफ तहरीर सौंपी गई।

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विधायक राजपाल बालियान और रालोद जिलाध्यक्ष संजय राठी ने कहा कि चौधरी चरण सिंह देश के गौरव और किसानों के मसीहा हैं। उनके खिलाफ किसी भी प्रकार की अमर्यादित टिप्पणी को स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं और किसानों की भावनाओं का सम्मान करते हुए दर्ज किया गया यह मुकदमा उन लोगों के लिए स्पष्ट संदेश है, जो अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर महापुरुषों का अपमान करते हैं।

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उन्होंने यह भी कहा कि कानून अपना काम करेगा और इस तरह की मानसिकता रखने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। वहीं, भौराकलां पुलिस के अनुसार, इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 196, 299, 352, 197 और 351 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है। रालोद जिलाध्यक्ष संजय राठी ने कहा कि पार्टी इस तरह के बयानों की कड़ी निंदा करती है और प्रशासन से अपेक्षा करती है कि मामले में सख्त और प्रभावी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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