अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि, यदि औचक निरीक्षण में कोई भी व्यक्ति जमीन पर सोता मिला तो संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी तथा इसकी सूचना शासन को भी भेजी जाएगी
मुजफ्फरनगर। बढ़ती ठंड और शीतलहर ने जनजीवन प्रभावित करना शुरू कर दिया है। ऐसे में निराश्रित एवं बेसहारा लोगों को राहत पहुँचाने के लिए प्रशासनिक मशीनरी ने भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में मुजफ्फरनगर प्रशासन द्वारा जिलेभर के रैन बसेरों की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए औचक निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है।
जिलाधिकारी उमेश मिश्रा के निर्देश पर अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व गजेंद्र कुमार ने बुधवार की देर रात को तहसील खतौली स्थित नगर पालिका परिसर में बनाए गए अस्थायी रैन बसेरों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उनके साथ तहसीलदार खतौली अरविंद कुमार भी मौजूद रहे। ठंड और शीतलहर के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए यह निरीक्षण निराश्रित व्यक्तियों को सुरक्षित व सुचारु आश्रय उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया गया।

एडीएम वित्त एवं राजस्व ने रैन बसेरों में साफ-सफाई, ठहरने की व्यवस्था, बिस्तर, फोल्डिंग बेड, प्लंग, तथा शौचालयों की स्थिति का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि रैन बसेरों में कोई भी आगंतुक या निराश्रित व्यक्ति जमीन पर सोता नहीं दिखाई देना चाहिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि, यदि औचक निरीक्षण में कोई भी व्यक्ति जमीन पर सोता मिला तो संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी तथा इसकी सूचना शासन को भी भेजी जाएगी। अपर जिलाधिकारी ने अलाव की व्यवस्था को भी दुरुस्त करने को कहा, ताकि रात्रि के समय बढ़ती ठंड से ठहरने वाले लोग सुरक्षित और गर्माहट के साथ रात गुजार सकें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शहर और आसपास के क्षेत्रों में किसी भी व्यक्ति को सड़कों पर सोने न दिया जाए। ऐसे लोगों को त्वरित रैन बसेरों तक पहुंचाने के लिए नगरपालिका और पुलिस प्रशासन संयुक्त रूप से सतर्कता बरते।
निरीक्षण के दौरान एडीएम ने रैन बसेरों में रुके हुए लोगों से भी बातचीत की और उनसे उपलब्ध सुविधाओं, भोजन, पानी तथा सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ठंड के मौसम में कोई भी निराश्रित व्यक्ति असुरक्षित और असुविधा की स्थिति में न रहे। अंत में उन्होंने नगर पालिका खतौली के ईओ एवं संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रतिदिन साफ-सफाई और आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, साथ ही किसी भी प्रकार की कमी मिलने पर तुरंत सुधारात्मक कदम उठाए जाएँ।






