नगरपालिका अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप ने शुरू की होम कम्पोस्टिंग की पहल, कचरे से खाद बनाने के कंटेनर वितरित
मुजफ्फरनगर। शहर को गारबेज फ्री सिटी बनाने के संकल्प के साथ नगरपालिका परिषद की अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप ने गीले कचरे के निस्तारण के लिए होम कम्पोटिंग अभियान की शुरुआत कर स्रोत पर ही कूड़े के निस्तारण के लिए होम कम्पोटिंग कंटेनर वितरित कर प्रेरक संदेश देने का काम किया है। अब शहर के 55 वार्डों में आने वाले हर घर में होम कंपोस्टिंग यानी घरेलू खाद बनाने की प्रक्रिया को बढ़ावा दिया जाएगा, जिसके लिए पालिका सभासदों और अन्य टीमों के साथ लोगों को जागरुक भी करेगी।
नगरपालिका परिषद् की अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप ने स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत स्वच्छ शहर की परिकल्पना को सार्थक बनाने के लिए कूड़े के निस्तारण की होम कम्पोस्टिंग विशेष योजना को प्रारम्भ किया। गुरुवार को कंपनी बाग में स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्होंने ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह और सभासदों के साथ नागरिकों को होम कम्पोस्टिंग के लिए विशेष रूप से तैयार किए गए प्लास्टिक के कंटेनर वितरित किए गए। इनमें रसोई से निकलने वाला गीला कचरा एकत्र कर उसे खाद में परिवर्तित किया जाएगा।

इस अवसर पर उपस्थिल लोगों को आईटीसी सुनहरा कल की टीम द्वारा होम कम्पोटिंग के लिए जागरूक करने के साथ ही इस कंटेनर के उपयोग की जानकारी दी गई। बताया गया इनमें फल और सब्जियों के छिलके, चाय की पत्ती, सड़ा-गला अनाज, खराब फल-सब्जियां आदि डाले जा सकते हैं। निचले हिस्से में एक टोंटी लगाई गई है, जिसे सप्ताह में दो से तीन बार खोलकर निकलने वाले तरल को किसी बोतल में भरकर पुनः उसी पात्र में डालना होगा। यह तरल कचरे के शीघ्र अपघटन में सहायक होगा। लगभग 30 से 45 दिनों के भीतर गीला कचरा सूखकर जैविक खाद में बदल जाएगा और नीचे तरल खाद भी उपलब्ध होगी। तैयार खाद का उपयोग घरों में लगे पौधों और बगीचों में किया जा सकेगा। इतना ही नहीं, अतिरिक्त खाद को बेचकर नागरिक अतिरिक्त आय भी अर्जित कर सकेंगे।

नगरपालिका परिषद की अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप ने कहा कि शहर को कचरा मुक्त बनाना केवल पालिका प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सहभागिता आवश्यक है। उन्होंने बताया कि प्रारंभ में कुछ वार्डों में प्रयोग के तौर पर इस प्रक्रिया को शुरू किया गया था, जहां इसे अच्छा प्रतिसाद मिला। अब इसे पूरे शहर में लागू किया जा रहा है। इसके लिए अभी पांच हजार ये विशेष कंटेनर खरीदे गये हैं। प्रत्येक वार्ड में 100-100 कंटेनर हम सभासदों के माध्यम से अभी वितरित कर रहे हैं, इसके पश्चात 10 हजार कंटेनर खरीदने की प्रक्रिया चल रही है। शहर के हर घर में ये कंटेनर पालिका प्रशासन निःशुल्क उपलब्ध करायेगा। इसका अधिष्ठापन कराने के लिए आईटीसी और एसबीएम टीम लोगों के घरों में पहुंचेंगी और प्रशिक्षण भी देगी। इनके सहारे रसोई का कचरा रोका जा सकेगा और इससे जहां शहर की स्वच्छता को बढ़ावा मिलेगा, वहीं कचरा निस्तारण की समस्या में भी कमी आएगी। उनका कहना है कि इस पहल से नगर में स्वच्छता के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को भी बल मिलेगा और जैविक खेती तथा बागवानी को प्रोत्साहन प्राप्त होगा। यदि हर घर अपने गीले कचरे का निस्तारण स्वयं करने लगे, तो शहर की सफाई व्यवस्था में बड़ा बदलाव देखा जा सकता है।

कार्यक्रम के दौरान स्वच्छ भारत मिशन के अन्तर्गत स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए आयोजित कराई गई स्वच्छ वार्ड प्रतियोगिता में स्वच्छता के लिए योगदान करने पर वार्ड सभासदों को भी प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। यहां कूड़ा डलावघर से मुक्त वार्ड 49 के सभासद मनोज वर्मा की विशेष सराहना की गई। इसके अलावा होम कम्पोस्टिंग को अपनाने वाले नागरिकों को स्वच्छता योद्धा के रूप में भी प्रशस्ति देकर सम्मानित किया गया, इनमें मिथलेश सिंह, दीपाली वत्स, अलंकार त्यागी और अनिता वर्मा शामिल रहे।
यहां पर मुख्य रूप से सभासद मनोज वर्मा, नवनीत शर्मा, प्रशांत गौतम, शौकत अंसारी, अमित पटपटिया, शहजाद चीकू, आदिल मलिक, नौशाद पहलवान, सतीश कुकरेजा, शोभित गुप्ताा, शाहिद आलम, मौ. सलीम, प्रमोद अंबेडकर के अलावा ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह, एनएसए डॉ. अजय प्रताप शाही, सीएसएफआई योगेश कुमार, एसएफआई प्लाक्षा मैनवाल, वैशाली सोती, लिपिक एसबीएम रूचि शर्मा, लिपिक संदीप यादव, वाटिका सुपरवाईजर दुष्यंत सिंह, मौहम्मद सालिम, आईटीसी सुनहरा कल से दीपक सैनी, मौहम्मद अर्श






