मुजफ्फरनगर में पाइप्ड नेचुरल गैस यानी PNG को लेकर प्रशासन ने नई व्यवस्था लागू करने की जानकारी दी है। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने कहा है कि जिन इलाकों में अधिकृत संस्था इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड द्वारा पहले से पाइपलाइन का ढांचा तैयार किया जा चुका है या जहां घरों तक PNG सप्लाई की सुविधा उपलब्ध है, वहां रहने वाले पात्र परिवारों को घरेलू PNG कनेक्शन लेना होगा।
प्रशासन के मुताबिक, नोटिस जारी होने की तारीख से तीन महीने के भीतर संबंधित घरों को PNG कनेक्शन लेना होगा। तय समय निकलने के बाद ऐसे पते पर LPG गैस सिलेंडर की सप्लाई बंद की जा सकती है। जिलाधिकारी ने लोगों से कहा है कि वे किसी परेशानी से बचने के लिए समय रहते आवेदन कर दें।
अधिकारियों के अनुसार, PNG कनेक्शन के लिए घर का कानूनी मालिक या संबंधित संपत्ति का अधिकृत धारक आवेदन कर सकता है। प्रशासन ने लोगों से अधिकृत संस्था से संपर्क कर प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है।
जिलाधिकारी ने कहा कि यह व्यवस्था सुरक्षित, सस्ती और अपेक्षाकृत साफ ईंधन के इस्तेमाल को बढ़ाने के लिए की जा रही है। साथ ही इसका मकसद उन इलाकों में PNG का इस्तेमाल बढ़ाना है, जहां नेटवर्क पहले से उपलब्ध है।
24 मार्च 2026 के केंद्र सरकार के आदेश में साफ कहा गया है कि LPG सप्लाई बंद होने की शर्त पूरे जिले पर एक साथ नहीं, बल्कि उन संबंधित पते/हाउसिंग एरिया पर लागू होती है जहां अधिकृत संस्था पाइपलाइन बिछा चुकी हो या गैस देने की स्थिति में हो, और उस पते पर बाकायदा नोटिस जारी किया गया हो। आदेश यह भी कहता है कि आवेदन घर का मालिक या विधिक कब्जाधारी कर सकता है, और तकनीकी कारण से PNG देना संभव न हो तो NOC के आधार पर LPG सप्लाई बंद नहीं होगी। सरकार ने 24 मार्च 2026 के इसी आदेश को तेज PNG विस्तार के लिए जारी किया था।






