गिरोह बनाकर लोगों को हत्या की धमकी देकर जबरन वसूली और रंगदारी के आरोप, अपराधियों की संपत्ति कुर्की की तैयारी तेज
मुजफ्फरनगर। जनपद में संगठित अपराध के खिलाफ पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए कुख्यात माफिया सुशील मूंछ के गिरोह पर बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई से अपराध जगत में हड़कंप मच गया है। मुजफ्फरनगर पुलिस ने कुख्यात माफिया अपराधी सुशील मूंछ के नेटवर्क पर शिकंजा कसते हुए उसके दो बेटों सहित तीन आरोपियों के खिलाफ गिरोहबंद समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम 1986 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। गैंगस्टर एक्ट में यह कार्रवाई मन्सूरपुर थाना पुलिस द्वारा वर्ष 2025 के आपराधिक मामलों के आधार पर की गई है।
मन्सूरपुर थाना प्रभारी निरीक्षक आनंद देव मिश्र के नेतृत्व में दर्ज इस मुकदमे में माफिया अपराधी सुशील मूंछ के पुत्र अक्षयजीत उर्फ मौनी और मंजीत उर्फ टोनी तथा उनके सहयोगी अमरदीप उर्फ भोलू को नामजद किया गया है। तीनों आरोपी रतनपुरी थाना क्षेत्र के गांव मथेडी के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने मंजीत उर्फ टोनी को गिरोह का सरगना चिन्हित किया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों पर अवैध हथियारों के बल पर हत्या की धमकी देकर जबरन वसूली करने, रंगदारी मांगने और गंभीर आपराधिक घटनाओं को अंजाम देने के आरोप हैं। इनकी गतिविधियों से क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल बना हुआ था।
गैंगस्टर एक्ट की धारा 2 और 3 के अन्तर्गत मन्सूरपुर थाना प्रभारी निरीक्षक आनन्द देव मिश्र ने यह मुकदमा दर्ज कराया है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अब आरोपियों की चल और अचल संपत्ति को कुर्क करने की प्रक्रिया में जुट गई है। संबंधित धाराओं के तहत जल्द ही संपत्ति जब्ती की कार्रवाई शुरू की जाएगी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जनपद में अपराध और अपराधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी भी सूरत में कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
इंस्पेक्टर का बेटा बना सबसे बड़ा डॉन, एक लाख का रहा ईनाम
सुशील मूंछ उत्तर प्रदेश का सबसे बड़ा माफिया डॉन माना जाता रहा है, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में तो मूंछ का खौफ गहरा है। सुशील मूंछ रतनपुरी थाना क्षेत्र के गांव मथेड़ी का मूल निवासी है और गहरी मूंछ होने के कारण उपनाम मूंछ ही पड़ गया। सुशील के पिता यूपी पुलिस में इंस्पेक्टर रहे हैं। बेटा अपराधी बना तो पुलिस दबिश से परेशान होकर उसको पिताने बेदखल कर दिया था। समाज में सुशील मूंछ को प्रधानी जी के नाम से जाना जाता रहा है। मूंछ के खिलाफ 50 से ज्यादा मुकदमे बताये जाते हैं। साल 2025 में उस पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस की सख्ती बढ़ी तो सुशील मूंछ सरेंडर कर जेल चला गया था। पिछले दिनों सुशील मूंछ के पुत्र अक्षयजीत और उसके साथी अमरदीप को पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार किया था।
बद्दो और बाफर जैसे कुख्यात गैंगस्टर्स का गुरु, आस्ट्रेलिया में ठिकाना
पुलिस के अनुसार सुशील मूंछ पर हत्या, लूट, रंगदारी और गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं। सुशील मूंछ को बदन सिंह बद्दो और भूपेंद्र बाफर जैसे कुख्यात गैंगस्टर्स का गुरु कहा जाता है। पुलिस ने इसे भगोड़ा घोषित कर रखा है और इसकी संपत्तियों की कुर्की की जा चुकी है। बावजूद इसके, वह पुलिस की गिरफ्त से अब तक बाहर है। सूत्रों के मुताबिक, सुशील मूंछ ने भारत छोड़कर आस्ट्रेलिया में अपना ठिकाना बना लिया है और विदेश से ही अपने गैंग का संचालन करता है। उसकी आपराधिक गतिविधियों का नेटवर्क न केवल उत्तर प्रदेश, बल्कि देश के अन्य राज्यों तक फैला हुआ है।






