दलित किशोरी की बरामदगी न होने पर हिंदू संगठनों का मंत्री आवास पर हंगामा

मिमलाना गांव की 11वीं की छात्रा 5 दिसंबर से लापता, गुस्साए संगठनों ने पुलिस पर लगाया लापरवाही का आरोप, एएसपी ने पहुंचकर समझाया

मुजफ्फरनगर। जनपद मुजफ्फरनगर में एक दलित किशोरी के लापता होने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। पुलिस द्वारा अब तक लड़की का सुराग न लगाए जाने से नाराज हिंदू संगठनों ने शुक्रवार को प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल के आवास का घेराव करते हुए सड़क पर ही धरना देते हुए जोरदार प्रदर्शन कर पुलिस की कार्यप्रणाली पर अनेक सवाल उठाये। प्रदर्शन के दौरान एएसपी फोर्स के साथ पहुंचे और हिंदूवादी संगठनों के पदाधिकारियों तथा पीड़ित परिजनों को भरोसा दिलाया कि पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है, किशोरी को भी जल्द ही बरामद कर लिया जायेगा।

शहर कोतवाली क्षेत्र के मिमलाना गांव से 5 दिसंबर को एक दलित परिवार की किशोरी 11वीं की छात्रा के अचानक लापता होने और कई दिनों बाद भी मामले में कोई ठोस प्रगति न होने से स्थानीय संगठनों में नाराज़गी बढ़ गई है। इसी को लेकर शुक्रवार को संयुक्त हिंदू मोर्चा के आह्वान पर विभिन्न हिंदू संगठनों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मंत्री कपिल देव अग्रवाल के गांधीनगर स्थित आवास पर पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर बैठकर आवास का घेराव किया और किशोरी की जल्द बरामदगी की मांग करते हुए वहीं धरने पर बैठकर नारेबाजी शुरू कर दी गई। हालांकि मंत्री कपिल देव अग्रवाल शहर में मौजूद न होने के कारण किसी प्रतिनिधिमंडल की उनसे मुलाकात नहीं हो सकी।
धरना-प्रदर्शन की सूचना मिलते ही नई मंडी कोतवाली पुलिस व सीओ सिटी एएसपी सिद्धार्थ मिश्रा भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को शांत करने का प्रयास किया और मामले के शीघ्र निस्तारण का आश्वासन दिया। सीओ सिटी ने बताया कि किशोरी के पिता की तहरीर पर पुलिस ने गैर-सम्प्रदाय के एक युवक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है और तलाश जारी है। लेकिन संगठनों का आरोप है कि पुलिस की कार्यवाही बेहद धीमी है और मामले में गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है।

इसे भी पढ़ें:  प्री-बजट बैठक में भाकियू अराजनैतिक ने की कृषि बजट दोगुना कर स्वामीनाथन फॉर्मूला लागू करने पर जोर

संयुक्त हिंदू मोर्चा के अध्यक्ष मनोज सैनी और विहिप नेता ललित माहेशवरी ने चेतावनी देते हुए कहा कि सनातनी बेटियों की सुरक्षा के लिए अब हिंदू संगठन स्वयं मोर्चा संभालेंगे। लव जिहाद जैसे मामलों पर पुलिस की नरमी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने प्रशासन को आरोपित की शीघ्र गिरफ्तारी और किशोरी की सुरक्षित बरामदगी की समयबद्ध गारंटी देने की मांग की। कहा कि शहर कोतवाली पुलिस का रवैया इस प्रकरण में पीड़ित परिवार के प्रति सही नहीं है। वहीं इसी प्रकरण में स्वामी यशवीर महाराज ने 13 दिसम्बर को मिमलाना गांव में पंचायत करने की चेतावनी दे रखी है। प्रदर्शन में विश्व हिंदू परिषद, शिवसेना, हिंदू जागरण मंच, संयुक्त हिंदू महासंघ, वैश्य कुटुंब सेवा समिति सहित कई संगठनों के पदाधिकारी मौजूद रहे। प्रमुख उपस्थित नेताओं में ललित महेश्वरी, डॉ. योगेंद्र शर्मा, राधेश्याम विश्वकर्मा, पंकज भारद्वाज, बागेश अग्रवाल, सचिन सिंघल, बृज बिहारी अत्री, शालू सैनी, शिवकुमार शर्मा, शैंकी शर्मा, सचिन त्यागी, पवन सिंघल, विकास अग्रवाल, कशिश गोयल, रविंदर नायक, मनोहर चौधरी, राजू सैनी और अन्य कार्यकर्ता शामिल थे।

इसे भी पढ़ें:  बागपत से गैंगस्टर एक्ट में फरार शातिर इनामी बदमाश पुलिस मुठभेड़ में घायल

Also Read This

साफ्टवेयर इंजीनियर बना साधु, 15 साल पहले छोड़ गया था पत्नी और बच्चे, अचानक लौटा तो घरवाली ने कर दी पिटाई

मथुरा- मथुरा- बलदेव क्षेत्र में 15 साल पहले पत्नी और बच्चों को छोड़कर प्रेमिका के साथ रहने वाला युवक साधु के वेश में लौट आया। राया के मांट रेलवे क्रॉसिंग पर पत्नी ने उसे पकड़ लिया, जिसके बाद भीड़ ने कार का शीशा तोड़कर उसकी पिटाई कर दी और पुलिस उसे थाने ले गई। मथुरा के थाना बलदेव क्षेत्र में हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। 15 साल पहले पत्नी और बच्चों को छोड़कर गया पति अचानक ही साधु के वेष में लौटा। सूचना मिलते ही पत्नी ने उसकी पीछा शुरू कर दिया। मांट रेलवे क्रॉसिंग पर उसे पकड़ लिया। इस दौरान पति की पिटाई कर दी। इस

Read More »

संभल नमाज विवाद पर इलाहाबाद हाई कोर्ट सख्त, अधिकारियों को दी कड़ी चेतावनी

प्रयागराज। संभल नमाज विवाद को लेकर इलाहाबाद हाई कोर्ट ने सुनवाई के दौरान स्थानीय प्रशासन के फैसले पर कड़ा रुख अपनाया। अदालत ने स्पष्ट कहा कि मस्जिद में नमाजियों की संख्या सीमित नहीं की जा सकती और कानून व्यवस्था बनाए रखना राज्य की जिम्मेदारी है। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने तल्ख टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि अधिकारी कानून व्यवस्था संभालने में सक्षम नहीं हैं तो उन्हें अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए या फिर तबादला करवा लेना चाहिए।  मामले की सुनवाई जस्टिस अतुल श्रीधरन और जस्टिस सिद्धार्थ नंदन की डिवीजन बेंच कर रही है। संभल नमाज विवाद की सुनवाई में अदालत ने कहा कि राज्य का कर्तव्य है कि वह

Read More »