थाने में पुलिस ने नहीं की फ्रॉड मामले में शिकायत के बाद भी सुनवाई, फाइनेंस कंपनी के ब्रांच मैनेजर को दी गई धमकी, आरोपी पर मुकदमा
मुजफ्फरनगर। जनपद मुजफ्फरनगर में एक फाइनेंस कंपनी के कलेक्शन मैनेजर पर लोन धारकों से वसूली गई रकम का गबन करने का आरोप लगा है। कंपनी के शाखा प्रबंधक की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी कर्मचारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के शामली रोड स्थित बुढ़ाना मोड़ पर संचालित भारत फाइनेंसियल इन्क्लूजन लिमिटेड (इंडसइंड बैंक की सहयोगी कंपनी) में कार्यरत एक कर्मचारी पर लाखों रुपये के गबन का आरोप सामने आया है। कंपनी के शाखा प्रबंधक अंकुर त्यागी की शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। शाखा प्रबंधक अंकुर त्यागी ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को दी गई तहरीर में बताया कि उनकी कंपनी जरूरतमंद और आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं को आसान केवाईसी प्रक्रिया के आधार पर छोटे-छोटे लोन उपलब्ध कराती है। इन लोन की साप्ताहिक किस्तों का संग्रह कंपनी के कर्मचारियों द्वारा किया जाता है।
तहरीर के अनुसार कंपनी में संगम मैनेजर (कलेक्शन मैनेजर) के पद पर कार्यरत निखिल, पुत्र सुशील कुमार निवासी घटायन दक्षिणी मुजफ्फरनगर, लोन धारकों को लोन दिलाने और उनसे साप्ताहिक किस्तों की वसूली करने का कार्य करता था। आरोप है कि निखिल ने कंपनी के 18 लोन सदस्यों से लोन कलेक्शन और प्री-पेमेंट के नाम पर कुल 3,27,532 रुपये वसूल किए, लेकिन यह रकम कंपनी में जमा नहीं कराई और अपने पास रख ली। मामले का खुलासा तब हुआ जब लोन सदस्यों ने शाखा प्रबंधक को भुगतान करने के बावजूद खाते में रकम दर्ज न होने की जानकारी दी। इसके बाद शाखा प्रबंधक ने आरोपी से पूछताछ की, जिसमें उसने अपनी गलती स्वीकार करते हुए जल्द रकम जमा करने का आश्वासन दिया।
अंकुर का आरोप है कि इसके बाद आरोपी बिना सूचना दिए घर चला गया और लगातार संपर्क करने के बावजूद उसने न तो कोई जवाब दिया और न ही रकम लौटाने की बात कही। शाखा प्रबंधक के अनुसार जब वे इस संबंध में आरोपी के घर पहुंचे और पैसे लौटाने को कहा तो उसने अभद्रता करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी। शिकायतकर्ता का कहना है कि इस मामले की सूचना पहले भी थाना कोतवाली नगर पुलिस को दी गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। बाद में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के आदेश पर पुलिस ने आरोपी कर्मचारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। एसएचओ कोतवाली नगर बबलू सिंह वर्मा का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।






