वाराणसी। पूर्वांचल के 10 जिलों की 12 लोकसभा सीटों से चुनाव लड़ रहे मान्यता प्राप्त दलों के प्रत्याशी असलहों के शौकीन हैं। सर्वाधिक पांच लाइसेंसी असलहे जौनपुर के सपा प्रत्याशी बाबू सिंह कुशवाहा और उनकी पत्नी शिव कन्या कुशवाहा के पास हैं। इसमें एक राइफल, एक रिवाल्वर, एक दोनाली बंदूक, एक पिस्टल और एक एकनाली बंदूक शामिल है। लाइसेंसी असलहों के मामले में जौनपुर से भाजपा प्रत्याशी कृपाशंकर सिंह और उनकी पत्नी दूसरे स्थान पर हैं। सिंह दंपती के पास एक रिवाल्वर, एक राइफल और दो बंदूक है। चंदौली से सपा प्रत्याशी वीरेंद्र सिंह के पास एक रिवाल्वर और एक राइफल है। भदोही से एआईटीएमसी के प्रत्याशी ललितेश पति त्रिपाठी के पास एक बंदूक और एक राइफल है। भदोही से बसपा प्रत्याशी हरिशंकर के पास एक रिवाल्वर और एक राइफल है। मिर्जापुर से सपा प्रत्याशी रमेश के पास एक पिस्टल और एक राइफल है। राबर्ट्सगंज से सपा प्रत्याशी छोटेलाल के पास एक राइफल और एक पिस्टल है। राबर्ट्सगंज से अपना दल ;एसद्ध की प्रत्याशी रिंकी सिंह के पति के पास एक राइफल है। बलिया से सपा के सनातन पांडेय के पास एक दोनाली बंदूक है। आजमगढ़ से सपा प्रत्याशी धर्मेंद्र यादव के पास एक पिस्टल और एक राइफल है। लालगंज ;सु.द्ध से सपा प्रत्याशी दरोगा प्रसाद सरोज और उनकी पत्नी के पास एक राइफल, एक पिस्टल और एक दोनाली बंदूक है। लालगंज ;सु.द्ध से बसपा प्रत्याशी डा. इंदू चैधरी के पति के पास एक रिवाल्वर है। वाराणसी से बसपा प्रत्याशी अतहर जमाल लारी के पास एक लाइसेंसी राइफल है। मछलीशहर ;सु.द्ध से भाजपा प्रत्याशी बीपी सरोज के पास एक रिवाल्वर है। मछलीशहर (सु.) बसपा प्रत्याशी के पास कृपाशंकर सरोज के पास एक बंदूक और एक रिवाल्वर है। गाजीपुर से भाजपा प्रत्याशी पारसनाथ राय के पास भी एक रिवाल्वर है।

केशव मौर्य को ब्रिटेन वीजा नहीं मिला, बीच में ही लौटे लखनऊ
केशव मौर्य को ब्रिटेन वीजा नहीं मिला, जिसके चलते डिप्टी सीएम को अपना विदेश दौरा बीच में ही रद्द कर लखनऊ उत्तर प्रदेश लौटना पड़ा। जानकारी के अनुसार, प्रतिनिधिमंडल को यूनाइटेड किंगडम भी जाना था, लेकिन वीजा जारी नहीं किया गया। सूत्रों के मुताबिक, भारत सरकार की ओर से एनओसी दी गई थी। बावजूद इसके ब्रिटेन की ओर से वीजा स्वीकृत नहीं हुआ। 23 फरवरी को जर्मनी रवाना हुए थे डिप्टी सीएम केशव मौर्य 23 फरवरी को जर्मनी गए थे। 25 फरवरी तक उन्होंने फ्रैंकफर्ट और न्यूरेम्बर्ग में कई महत्वपूर्ण बैठकों में भाग लिया। 25 से 27 फरवरी तक उन्हें यूनाइटेड किंगडम में रहना था। हालांकि वीजा नहीं मिलने के कारण कार्यक्रम





