कानपुर- कानपुर से प्रयागराज लौट रही नौ सवारियों से भरी एक स्कार्पियो का टायर फटने के कारण वह पानी से भरे खंदक में जा गिरी। इससे चार लोगों की पानी में डूबकर मौत हो गई, जबकि पांच लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया। फतेहपुर जिले में कानपुर-प्रयागराज नेशनल हाईवे पर बुधवार की सुबह भोर पहर एक भीषण सड़क हादसे में चार लोगों की पानी में डूबने से मौत हो गई। हादसा तब हुआ जब शादी समारोह से लौट रही एक स्कार्पियो अनियंत्रित होकर बड़ौरी ओवरब्रिज के पास पानी से भरे गहरे खंदक में जा गिरी। हादसे में पानी में डूबने चार लोगों की मौत हो गई। पुलिस शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। जानकारी के अनुसार, प्रयागराज के सब्जी मंडी खुल्दाबाद से नौ लोग कानपुर के मोतीझील स्थित वाल्मीकि आश्रम में आयोजित सामूहिक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। बुधवार सुबह वापस लौटते समय बड़ौरी ओवरब्रिज के पास स्कार्पियो का टायर फट गया, जिससे गाड़ी अनियंत्रित होकर गहरे पानी भरे खंदक में जा घुसी। गाड़ी में पानी भर जाने के कारण चार लोगों की दम घुटने से मौके पर ही मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए पांच लोगों को सकुशल बाहर निकाल लिया। हादसे के मृतकों में शामिल हैं- पुलिस ने चारों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की छानबीन शुरू कर दी है। हादसे के मृतकों में साहिल गुप्ता (26), शिवम साहू (28), रितेश सोनकर (28), और राहुल केसरवानी (25) शामिल हैं। वहीं, चालक राहुल कुमार, महेश, अमित, सुमित, नीरज समेत पांच को बचा लिया गया।

प्रयागराज में शंकराचार्य शिविर के बाहर तनाव, नारेबाजी के बाद सुरक्षा बढ़ी
प्रयागराज। माघ मेले के दौरान शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और मेला प्रशासन के बीच पिछले सात दिनों से चला आ रहा विवाद शनिवार रात और गहरा गया। देर रात एक संगठन से जुड़े 10 से 15 युवक भगवा झंडे लेकर शंकराचार्य के शिविर के बाहर पहुंचे और नारेबाजी शुरू कर दी। हालात उस समय तनावपूर्ण हो गए, जब कुछ लोगों ने शिविर के भीतर प्रवेश करने की कोशिश की। सूत्रों के अनुसार, युवकों ने “सीएम योगी जिंदाबाद” और “आई लव बुलडोजर” जैसे नारे लगाए। इस दौरान शंकराचार्य के शिष्यों और वहां मौजूद सेवकों के साथ धक्का-मुक्की भी हुई। करीब 15 मिनट तक शिविर के बाहर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। इसे





