लखनऊ। आरोपी आधी रात को मासूम दिव्यांग बच्ची को उठा ले गया था। इसके बाद हैवानियत की सभी हदें पार कर दी थीं। बच्ची नाजुक हालत में पड़ी मिली थी। उसका पीजीआई में इलाज चल रहा है। शुक्रवार की तड़के पुलिस ने आरोपी को मुठभेड़ में मार गिराया। राजधानी लखनऊ में शुक्रवार की तड़के पुलिस ने ढाई साल की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी को मुठभेड़ में मार गिराया। वह भागने की फिराक में था। इससे पहले की जिले की सीमा छोड़ता, उसका सामना पुलिस से हुआ। डीसीपी सेंट्रल आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि पांच जून की सुबह 10 बजे शिकायत मिली थी। इसमें बताया गया कि ढाई वर्ष की बच्ची के साथ दुष्कर्म हुआ है। मामले में केस दर्ज करके आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पांच टीमें गठित की गईं। सीसीटीवी फुटेज से आरोपी की पहचान दीपक वर्मा के रूप में हुई। पुलिस कमिश्नर को एक लाख रुपये का इनाम घोषित करने का प्रस्ताव दिया गया था। इनाम घोषित होने से पहले मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी क्षेत्र में है। वह भागने की फिराक में है। इस पर पुलिस टीम ने घेराबंदी की। खुद को घिरता देख आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग झोंकनी शुरू कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी को गोली लग गई। उसे अस्पताल ले जाया गया। वहां कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। डीसीपी सेंट्रल ने बताया कि आरोपी ऐशबाग क्षेत्र का रहने वाला है। वह रेलवे में पानी में बेचने का काम करता है। इसके साथ ही जागरण आदि कार्यक्रमों में झांकी लगाने का भी काम करता है। उसके पास से घटना में प्रयुक्त स्कूटी बरामद हुई है।

खतौली मंगलसूत्र चोरी से महिला दहशत में
खतौली मंगलसूत्र चोरी का मामला सामने आया है, जहां रसम पगड़ी में शामिल होने जा रही एक महिला से ई-रिक्शा में सफर के दौरान मंगलसूत्र चोरी कर लिया गया। घटना के बाद से क्षेत्र में दहशत का माहौल है और पुलिस जांच में जुट गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पारूल पत्नी अभिषेक, निवासी नई मंडी, मुजफ्फरनगर, अपने परिवार के साथ बस से खतौली पहुंची थीं। कैसे हुई खतौली मंगलसूत्र चोरी? खतौली चौराहे से पारूल फलावदा रोड की ओर रसम पगड़ी में शामिल होने के लिए ई-रिक्शा में सवार हुईं। उसी ई-रिक्शा में दो अन्य महिलाएं भी बैठीं। आरोप है कि सफर के दौरान उन्हीं दोनों महिलाओं ने मौका पाकर





