खतौली। उत्तर प्रदेश की राजनीति में हलचल के बीच नसीमुद्दीन सिद्दीकी खतौली आगमन पर समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। सपा में शामिल होने के बाद पहली बार खतौली पहुंचे पूर्व कैबिनेट मंत्री का फूल-मालाओं और नारों के साथ अभिनंदन किया गया। प्रदेश सचिव श्यामलाल बच्ची सैनी और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष सत्यदेव शर्मा के नेतृत्व में आयोजित स्वागत कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
समाजवादी पार्टी में शामिल होने के बाद नसीमुद्दीन सिद्दीकी खतौली आगमन के दौरान कार्यकर्ताओं से गर्मजोशी से मिले। उन्होंने एक-एक कार्यकर्ता से संवाद करते हुए संगठन को मजबूत बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी का हर कार्यकर्ता पार्टी की रीढ़ है और सभी को आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए एकजुट होकर काम करना होगा। सिद्दीकी ने कहा कि अखिलेश यादव के नेतृत्व में पीडीए यानी पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक का एजेंडा उत्तर प्रदेश की राजनीति में नई दिशा तय करेगा।
अपने संबोधन में नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने प्रदेश की मौजूदा परिस्थितियों पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी और महंगाई से नौजवान और महिलाएं परेशान हैं तथा रोजगार की संभावनाएं कम दिखाई दे रही हैं। उन्होंने कहा कि अपने लंबे सियासी जीवन में उन्होंने ऐसी परिस्थितियां पहले नहीं देखीं। साथ ही कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे 2027 में पांचवीं बार सपा की सरकार बनाने के लिए पूरी ताकत से जुटें। नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश को राजनीति के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि उनका बचपन इसी क्षेत्र में गुजरा है और पढ़ाई व नौकरी भी यहीं हुई है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी प्राथमिकता केवल पश्चिमी उत्तर प्रदेश ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश को मजबूत बनाना है। खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के कारण गैस की कीमतों में बढ़ोतरी की खबरों पर नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जब पहले महंगाई बढ़ती थी तो स्मृति ईरानी सिलेंडर और चूड़ियां लेकर सड़कों पर उतरती थीं। उन्होंने सवाल किया कि अब महंगाई पर वे चुप क्यों हैं। नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि वे चाहे किसी भी दल में रहे हों, लेकिन अखिलेश यादव के नेतृत्व के प्रति उनके मन में हमेशा सम्मान रहा है। उन्होंने कहा कि अब उनका राजनीतिक भविष्य पूरी तरह सपा और अखिलेश यादव के साथ जुड़ा हुआ है और वे पार्टी को मजबूत बनाने के लिए काम करेंगे।
कार्यक्रम में हाजी वसीम सिद्दीकी, इमरान सिद्दीकी, हाजी यूसुफ, बालमुकुंद ग्रेड, पंकज सैनी, गजेंद्र प्रधान, अभिषेक गोयल एडवोकेट, हाजी इकबाल, आस मोहम्मद सभासद, एतेशाम सभासद, सुनील सैनी, इरफान टेम्पो, अरशद मुल्तानी, शेखर गुर्जर, आफाक पठान, दानिश काज़ी एडवोकेट, शाहज़ेब एडवोकेट, समद मिर्ज़ा और दिलशाद मलिक घनश्याम प्रजापति सहित कई लोग मौजूद रहे।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि नसीमुद्दीन सिद्दीकी के समाजवादी पार्टी में आने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मुस्लिम वोट बैंक और मजबूत हो सकता है, जिससे आगामी चुनावों में सपा को लाभ मिलने की संभावना जताई जा रही है।






