मुजफ्फरनगर में मंगलवार को विकास भवन कर्मचारी धरना ने प्रशासनिक हलकों में हलचल पैदा कर दी। विकास भवन कर्मचारी एसोसिएशन के बैनर तले कर्मचारियों ने ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अधिशासी अभियंता अनिल कुमार के खिलाफ परिसर में धरना-प्रदर्शन किया और सख्त कार्रवाई की मांग उठाई।
कर्मचारियों का आरोप है कि अधिशासी अभियंता द्वारा एक कर्मचारी के साथ अभद्र व्यवहार और अमर्यादित टिप्पणी की गई, जिससे पूरे कार्यालय में रोष का माहौल है। एसोसिएशन पदाधिकारियों के अनुसार, हाल ही में एक कर्मचारी के साथ कथित रूप से अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया गया। इस घटना के बाद कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ गई। उन्होंने बताया कि मामले की जानकारी पहले भी उच्च अधिकारियों को दी गई थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने के कारण कर्मचारियों को धरने का रास्ता अपनाना पड़ा।
धरने के दौरान कर्मचारियों ने नारेबाजी करते हुए कहा कि कार्यालय में सम्मानजनक और सुरक्षित कार्य वातावरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाए। कर्मचारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल चौधरी और महामंत्री कुलवंत सिंह ने कहा कि यदि प्रशासन ने शीघ्र निर्णय नहीं लिया तो कर्मचारी कार्य बहिष्कार सहित अन्य कठोर कदम उठाने को बाध्य होंगे। धरना-प्रदर्शन के चलते कुछ समय के लिए विकास भवन में कार्य प्रभावित रहा। मामले को लेकर प्रशासनिक स्तर पर चर्चा जारी है।
स्थिति पर सभी की निगाहें टिकी हैं और अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रशासन कर्मचारियों की मांगों पर क्या निर्णय लेता है।






