भक्तामर महामंडल विधान के 17वें दिन हुआ विशेष अनुष्ठान, महाराज श्री ने बताया भक्तामर का दिव्य अर्थ
नयन जागृति डेस्क | आचार्य श्री 108 अरुण सागर जी महाराज के सान्निध्य में चल रहे 48 दिवसीय भक्तामर महामंडल विधान के 17वें दिन का आयोजन गहरी आध्यात्मिक ऊर्जा और भक्ति के वातावरण में संपन्न हुआ। इस विशेष अवसर पर श्री डॉ. डी.के. जैन द्वारा श्री जी की प्रथम शांतिधारा की गई, तत्पश्चात मनीष जैन…
