FILM ‘KALIA’-अब बड़े पर्दे पर नजर आयेगा कुख्यात नफीस कालिया का खौफ

मुजफ्फरनगर। जनपद को क्राइम कैपिटल तक पहुंचाने में यहां के चुनिंदा माफिया और बदमाशों का अहम रोल रहा है, लेकिन जिले के अपराध जगत के शिखर तक पहुंचाने वाले बदमाशों का अंत भी दुखद रहा है। 80 से 90 के दशक में जिले में आतंक का पर्याय बने रहने वाले नफीस अंसारी उर्फ नफीस कालिया की मौत के 20 साल बाद एक बार फिर से इस बेखौफ बदमाश का खौफ यहां के लोगों को डराने जा रहा है, लेकिन इस बार यह खौफ बड़े पर्दे पर कुछ सितारों के सहारे लोगों का रोमांच बढ़ाता नजर आये। इसके साथ ही देश और दुनिया जनपद मुजफ्फरनगर के इस खौफनाक अपराधी नफीस कालिया के खूंखार अंदाज और कुख्यात जीवनशैली से परिचित होगी। नफीस कालिया के जीवन पर फिल्म ‘कालिया’ बनने जा रही है, जिसकी पटकथा लिखी जा चुकी है और फरवरी की ठण्ड में इस गरम मुद्दे पर शूटिंग का दौर भी शुरू हो जायेगा। इस फिल्म में शिवकुमार की मौत के साथ शुरू हुए नफीस कालिया के अपराधिक जीवन से हरियाणा में गैंगवार में उसकी हत्या तक की कहानी को फिल्माया जायेगा, जिसमें मुंबईया कलाकारों की पूरी टीम नफीस कालिया और उसके समकालीन माफिया गिरोह और बदमाशों का रोल प्ले करने का काम करेगी।

शहर के मौहल्ला आबकारी में रॉयल सिनेमा परिसर में सोमवार को पत्रकार वार्ता के दौरान फिल्म ‘पेट्रोल’ की शूटिंग मुजफ्फरनगर में कराकर लोगों में अपनी एक अलग पहचान बनाकर हंगामा खड़ा करने वाले फिल्म अभिनेता और निर्माता सलीम गौर ने मुजफ्फरनगर के कुख्यात माफिया डॉन नफीस कालिया के जीवन पर फिल्म बनाने की अपनी योजना को साझा किया। उनके साथ मुम्बई से आये फिल्म निर्देशक और निर्माता प्रदीप मारू तथा कई अन्य कलाकार भी मौजूद थे। सलीम गौर ने बताया कि उनकी बरसों से तमन्ना थी कि वो नफीस कालिया के जीवन को बड़े पर्दे पर लेकर आये और आज उनका सपना साकार होने जा रहा है। नफीस कालिया के जीवन पर वो फिल्म ‘कालिया’ बनाने जा रहे हैं। इसकी पूरी कहानी उन्होंने स्वयं लिखी है, जिसमें नफीस कालिया के जीवन में कई लोगों की हत्याओं की घटनाओं का सजीव चित्रण किया गया है। इस फिल्क की कहानी कुछ रियल और कुछ फिल्मी है। सलीम ने बताया कि यह कहानी पूरी तरह से क्राइम आधारित है, लेकिन इसमें कॉमेडी है तो ड्रामा भी भरपूर है।

नफीस कालिया की कहानी को फिल्म के रूप में पर्दे पर लाने का उनका मकसद यही है कि वो इसके सहारे अपराध जगत के नकारात्मक पहलुओं पर चोट करते हुए युवाओं को संदेश दें पायें कि अपराध के रास्ते से भला नहीं होने वाला है। यह रास्ता केवल बदनामी और मौत तक ले जाने वाला होता है। इस कहानी में नफीस की दूसरे माफिया गिरोहों से अदावत को भी बखूबी दिखाया जायेगा। इसमें सारे कलाकार मुम्बई से लिये जायेंगे। अभी लीड रोल के कलाकारों का चयन होना बाकी है। पेपर वर्क पूरा किया गया है। फरवरी में फिल्म की शूटिंग प्रारम्भ की जायेगी। इस फिल्म के गानों की शूटिंग मुम्बई के स्टूडियो में होगी। जबकि अन्य शूटिंग मुजफ्फरनगर के साथ ही उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ प्रमुख शहरों में रखी गई है। फिल्म को देशी अंदाज देने के लिए मुजफ्फरनगर की खड़ी बोली के डायलॉग का प्रयोग किया गया है।

इसे भी पढ़ें:  सलीम शेरवानी ने महासचिव पद से दिया इस्तीफा

नफीस कालिया ने 80 और 90 के दशक में मुजफ्फरनगर के साथ ही वेस्ट यूपी में अपराध जगत में खूब नाम कमाया और वो खौफ का पर्याय बने रहे। उनके समकालीन दूसरे बदमाशों के गिरोह की गतिविधियों और गैंगवार को भी फिल्म का हिस्सा बनाया गया है। फिल्म ‘कालिया’ कोहिनूर फिल्मस और पीएम फिल्मस एन्टरटेनमेंट के बैनर तले बनाई जा रही है। इसके निर्देशक प्रदीप मारू हैं, जिनके द्वारा सलीम गौर को लेकर मुजफ्फरनगर में फिल्म ‘पेट्रोल’ की शूटिंग की जा चुकी है। इस फिल्म ने पूरा हंगामा खड़ा किया था, सलीम गौर को उम्मीद है कि फिल्म ‘कालिया’ भी ऐसा ही हंगामा पैदा करेगी। इस फिल्म को सिंगल स्क्रीन के साथ ही मल्टीप्लेक्स पर वर्ल्डवाइड रिलीज करने की तैयारी है। बता दें कि सलीम गौर ने कई प्रमुख हिन्दी फिल्मों के साथ ही राजस्थानी और गुजराती भाषाओं के साथ ही दूसरी भाषाओं की कई फिल्में की है। 12 गुजराती फिल्मों में उन्होंने लीड रोल किया है। प्रेस वार्ता के दौरान फिल्म निर्माता निर्देशक प्रदीप मारू, सलीम गौर, क्षेत्रीय कलाकार आइशा, सारा खान, इशान खान, कॉमेडियन तेजराम राव, सुलेमान सिद्दीकी आदि मौजूद रहे।

इसे भी पढ़ें:  देवबंद में भगवान परशुराम जयंती के अवसर पर कार्यक्रम आयोजन किया गया।

नफीस कालियाः शिवकुमार के खौफ का किया खात्मा, मोरना से लड़ा चुनाव

मुजफ्फरनगर। नफीस कालिया का अपराध जगत में जन्म 80 के दशक में उस दौर में हुआ जब मुजफ्फरनगर में माफिया भाइयों की जोड़ी शिवकुमार और रामकुमार के खौफ का सिक्का चलता था। शांति वाहन की दहशत आज भी लोगों के जहन में जिंदा है। राजनीतिक और पुलिसिया संरक्षण में जन्मे नफीस कालिया ने शिवकुमार और रामकुमार के खौफ का खात्मा कर अपराध जगत में धमाकेदार एंट्री की थी। यह सभी कुछ रियल था, लेकिन कहानी पूरी फिल्मी रही। इसके बाद नफीस कालिया ने पीछे मुड़कर नहीं देखा और उसके नामा का खौफ पूरे वेस्ट यूपी में चला। अपहरण, हत्या, रंगदारी की दुकान नफीस कालिया गिरोह की पहचान बन गई थी। इसी बीच अदावत में हत्याओं का खौफनाक खेल खेलने वाले सुशील मूंछ गिरोह से नफीस कालिया की ठन गई और 1998 से नफीस कालिया के साथ सुशील मूंछ का गैंगवार चला। इसमें कई बदमाशों का कत्ल हुआ और अंत में हरियाणा के कुरूक्षेत्र में साल 2004 में नफीस की भी गैंगवार में हत्या कर दी गई। इसके बाद कालिया गिरोह टूटकर बिखर गया, हालांकि नफीस कालिया गैंग के कई शूटर और बदमाश आज भी सक्रिय हैं।

इसे भी पढ़ें:  प्रयागराज में अतीक अहमद के छोटे बेटे अबान अहमद पर पहली FIR — भड़काऊ रील से भड़का विवाद

नफीस कालिया मुजफ्फरनगर के ऐसे पहले बदमाश रहे, जिनको विधानसभा चुनाव में मुख्य दल की ओर से प्रत्याशी बनाया गया। 1996 के यूपी विधानसभा चुनाव में नफीस कालिया को बसपा ने मोरना विधानसभा सीट से अपना प्रत्याशी बनाया था। इस चुनाव में उनका मुकाबाल सपा प्रत्याशी संजय सिंह चौहान के साथ हुआ और संजय ने उनको 9209 मतों के अंतर से पराजित किया थां। इस चुनाव में संजय चौहान को 57005 और नफीस को 47796 मत प्राप्त हुए थे। लोग बताते हैं कि इस चुनाव के दौरान मेरठ से एक बड़े कारोबारी का अपहरण हुआ था, जिसका आरोप नफीस कालिया गैंग पर लगा था और यह मुद्दा चुनाव में हावी रहा। 90 के दशक में शुरू हुए भारत के सबसे बड़े क्राइम शो इंडियाज मोस्ट वांटेड में शो को होस्ट करने वाले सुहैब इलियासी ने भी नफीस कालिया के खौफ पर शो दिखाया था। उस दौर में रात को टीवी पर आने वाले इस क्राइम शो को देखने के लिए लोगों में इतना रोमांच था कि सड़कें सूनी हो जाया करती थीं। नफीस कालिया का शो सबसे बड़ा हिट शो साबित हुआ था। इस शो के अलावा नफीस को किसी दूसरे शो में नहीं दिखाया गया, अब उन पर फिल्म ‘कालिया’ बनाई जा रही है, जो संभवतः वेस्ट यूपी में बड़ी हिट साबित हो सकती है। 

Also Read This

प्रयागराज में शंकराचार्य शिविर के बाहर तनाव, नारेबाजी के बाद सुरक्षा बढ़ी

प्रयागराज। माघ मेले के दौरान शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और मेला प्रशासन के बीच पिछले सात दिनों से चला आ रहा विवाद शनिवार रात और गहरा गया। देर रात एक संगठन से जुड़े 10 से 15 युवक भगवा झंडे लेकर शंकराचार्य के शिविर के बाहर पहुंचे और नारेबाजी शुरू कर दी। हालात उस समय तनावपूर्ण हो गए, जब कुछ लोगों ने शिविर के भीतर प्रवेश करने की कोशिश की। सूत्रों के अनुसार, युवकों ने “सीएम योगी जिंदाबाद” और “आई लव बुलडोजर” जैसे नारे लगाए। इस दौरान शंकराचार्य के शिष्यों और वहां मौजूद सेवकों के साथ धक्का-मुक्की भी हुई। करीब 15 मिनट तक शिविर के बाहर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। इसे

Read More »

द दून वैली पब्लिक स्कूल में पराक्रम दिवस व बसंत पंचमी समारोह

द दून वैली पब्लिक स्कूल में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती के अवसर पर पराक्रम दिवस और भारतीय प्रकृति पर्व बसंत पंचमी का आयोजन भव्य और गरिमामय वातावरण में किया गया। इस मौके पर विद्यालय परिसर देशभक्ति, सांस्कृतिक चेतना और उल्लास से सराबोर नजर आया। कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय के चेयरमैन श्री राजकिशोर गुप्ता, प्रधानाचार्या श्रीमती सीमा शर्मा, उप-प्रधानाचार्या श्रीमती तनुज कपिल एवं श्री हरदीप सिंह, क्वालिटी डायरेक्टर श्री नरेन्द्र देव शर्मा और श्रीमती अर्चना शर्मा द्वारा माँ सरस्वती और नेताजी सुभाष चंद्र बोस के चित्र पर पुष्पार्चन एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसे भी पढ़ें:  पालिका टीम ने शहर में चलाया जीरो वेस्ट अभियानकक्षा 9वीं और 11वीं

Read More »

नोएडा के बाद मेरठ में भी खुला नाला बना मौत का कारण, ई-रिक्शा चालक की जान गई

मेरठ। नोएडा के सेक्टर-150 में खुले नाले के कारण इंजीनियर युवराज मेहता की मौत का मामला अभी ठंडा भी नहीं पड़ा था कि मेरठ से ठीक वैसी ही लापरवाही की एक और तस्वीर सामने आ गई। कैंट बोर्ड क्षेत्र में नाले पर सुरक्षा दीवार न होने के कारण शुक्रवार शाम एक ई-रिक्शा अनियंत्रित होकर नाले में जा गिरा, जिसमें चालक की जान चली गई। घटना आबूलेन इलाके में काठ के पुल के पास हुई। बारिश के बीच ढलान वाली सड़क पर फिसले ई-रिक्शा ने सीधे खुले नाले में पलटी खा ली। ई-रिक्शा के नीचे दबने और गंदे पानी में फंसने से चालक सनी (42) की मौके पर ही हालत गंभीर

Read More »

Muzaffarnagar-गणतंत्र दिवस पर मुजफ्फरनगर में सभी शराब की दुकानें रहेंगी बंद

मुजफ्फरनगर। गणतंत्र दिवस (26 जनवरी) के अवसर पर मुजफ्फरनगर जिले में शराब से जुड़े सभी आबकारी अनुज्ञापन पूरे दिन बंद रहेंगे। आबकारी विभाग के आदेश के अनुसार देशी व विदेशी शराब, बीयर की थोक-फुटकर दुकानें, मॉडल शॉप और बार समेत सभी लाइसेंस 26 जनवरी को संचालित नहीं होंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बंदी के लिए किसी भी लाइसेंसधारक को कोई छूट नहीं मिलेगी और आदेश का उल्लंघन करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसे भी पढ़ें:  ताजा कूड़ा हटवाने को पालिका खर्च करेगी 1.74 करोड़

Read More »

मनाली में बर्फ बनी जानलेवा: फिसलती कार के साथ घिसटता ड्राइवर, CCTV में कैद खौफनाक पल

मनाली। हिमाचल के पहाड़ इन दिनों बर्फ की सफेद चादर में लिपटे हैं, लेकिन यही खूबसूरती कई बार मौत का खतरा भी बन जाती है। मनाली से सामने आया एक डरावना CCTV वीडियो इस सच्चाई को बेहद करीब से दिखाता है — जहां कुछ सेकंड की लापरवाही किसी की जान ले सकती थी। वीडियो में दिखता है कि भारी बर्फबारी के बीच सड़क किनारे खड़ी एक कार अचानक ढलान पर फिसलने लगती है। ड्राइवर स्थिति भांपते हुए कार को रोकने के लिए आगे बढ़ता है और बोनट पकड़ने की कोशिश करता है, लेकिन बर्फ पर फिसलती गाड़ी रुकने की बजाय और तेजी से खिसकने लगती है।   View this post

Read More »

T20 वर्ल्ड कप विवाद: बांग्लादेश बाहर, स्कॉटलैंड की एंट्री—पाकिस्तान ने फिर खोला मोर्चा

नई दिल्ली। टी20 (T20) वर्ल्ड कप को लेकर भारत-बांग्लादेश से जुड़ा विवाद अब एक नए सियासी-क्रिकेटिंग मोड़ पर पहुंच गया है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने बड़ा फैसला लेते हुए बांग्लादेश को ग्रुप-C से बाहर कर स्कॉटलैंड को शामिल कर लिया है। हालांकि यह निर्णय मतदान के जरिए लिया गया, लेकिन इसके बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) लगातार इस मुद्दे को फिर से हवा देने की कोशिश करता नजर आ रहा है। आईसीसी की हालिया वोटिंग में बांग्लादेश के पक्ष में सिर्फ पाकिस्तान खड़ा दिखा, जबकि 14 सदस्य देशों ने फैसले के समर्थन में वोट दिया। इस तरह बांग्लादेश को भारी बहुमत से हार का सामना करना पड़ा। वेन्यू विवाद

Read More »