खतौली। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर एसडीएम निकिता शर्मा को सोपा ज्ञापन लखनऊ में मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत आयोजित शांतिपूर्ण विरोध मार्च के दौरान पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किए जाने का आरोप लगाया गया है। इस विरोध मार्च का उद्देश्य केंद्र व प्रदेश सरकार द्वारा मनरेगा योजना को कमजोर किए जाने के खिलाफ आवाज उठाना बताया गया।
कांग्रेस नेताओं के अनुसार, यह मार्च विधानसभा घेराव कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित किया गया था, जो पूर्णतः शांतिपूर्ण था।
आरोप है कि मार्च के दौरान पुलिस ने बल प्रयोग करते हुए लाठीचार्ज किया, जिसमें पार्टी के कई वरिष्ठ नेता व कार्यकर्ता घायल हो गए। कांग्रेस का दावा है कि इस कार्रवाई में प्रदेश कांग्रेस के मान्य अध्यक्ष अजय राय सहित अनेक कार्यकर्ताओं को गंभीर चोटें आईं।कांग्रेस नेताओं ने इस घटना को अलोकतांत्रिक बताते हुए कहा कि जनहित से जुड़े मुद्दों पर आवाज उठाने वालों को दबाने के लिए दमनात्मक नीति अपनाई जा रही है। पार्टी का आरोप है कि सरकार की इस कार्रवाई से लोकतांत्रिक मूल्यों का हनन हुआ है।
घटना के बाद कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने इस पूरे मामले को लेकर उत्तर प्रदेश की राज्यपाल को ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में मांग की गई है कि लाठीचार्ज के आदेश देने वाले अधिकारियों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। वहीं प्रशासन की ओर से इस मामले में समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया योगेश खारी, नबाब सिंह, दिलशाद ,बाबूराम कसाना,हकीम जफर महमूद आदि मौजूद रहे






