बुढाना पुलिस की मुठभेड़ में 15 हजार का इनामी समेत चार गिरफ्तार, एक करोड़ 10 लाख के 20 आरआरयू यूनिट बरामद
मुजफ्फरनगर। जनपद मुजफ्फरनगर की बुढाना थाना पुलिस ने मोबाइल टॉवरों से महंगे आरआरयू यूनिट चोरी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने मुठभेड़ के बाद 15 हजार रुपये के इनामी बदमाश समेत चार शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान एक बदमाश पुलिस की जवाबी फायरिंग में घायल हो गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब एक करोड़ 10 लाख रुपये कीमत के 20 आरआरयू यूनिट, दो अवैध तमंचे, कारतूस और वारदात में प्रयुक्त स्विफ्ट डिजायर कार बरामद की है।
एसएसपी संजय वर्मा ने मंगलवार को पुलिस लाइन सभाकक्ष में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि 8 और 9 मई की रात बुढाना क्षेत्र स्थित मोबाइल टॉवरों से आरआरयू यूनिट चोरी होने की घटना सामने आई थी। इस मामले में थाना बुढाना पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस टीमों को बदमाशों की तलाश में लगाया गया था। 18/19 मई की रात पुलिस टीम विज्ञाना रोड पर चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि मोबाइल टॉवरों से उपकरण चोरी करने वाला गिरोह कार से गुजरने वाला है। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर सघन चेकिंग शुरू कर दी।
कुछ देर बाद संदिग्ध स्विफ्ट डिजायर कार आती दिखाई दी। पुलिस ने वाहन रोकने का इशारा किया, लेकिन कार सवार बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग करते हुए भागने का प्रयास किया। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए तीन बदमाशों को दबोच लिया, जबकि एक आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। फरार आरोपी की तलाश में पुलिस लगातार कॉम्बिंग कर रही थी। मंगलवार सुबह विज्ञाना रोड पर पुलिस और आरोपी के बीच फिर मुठभेड़ हुई। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर जानलेवा फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में आरोपी घायल हो गया, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। घायल आरोपी की पहचान इरफान मलिक निवासी समर गार्डन, मेरठ के रूप में हुई है। उस पर थाना बुढाना में दर्ज मुकदमे में 15 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे संगठित गिरोह बनाकर मोबाइल टॉवरों पर लगे आरआरयू यूनिट चोरी करते थे। चोरी के उपकरणों को डेढ़ से दो लाख रुपये प्रति यूनिट तक बेचकर रकम आपस में बांट लेते थे। आरोपियों ने हापुड़, मेरठ, गाजियाबाद, बागपत और मुजफ्फरनगर समेत कई जिलों में मोबाइल टॉवरों से चोरी की घटनाएं कबूल की हैं। गिरोह का सरगना इरफान मलिक पहले असम में भी इसी तरह की वारदातों में जेल जा चुका है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से जियो कंपनी के 11 और एयरटेल कंपनी के 9 आरआरयू यूनिट बरामद किए हैं। इनकी अनुमानित कीमत करीब एक करोड़ 10 लाख रुपये बताई गई है। बरामद यूनिट में कुछ बुढाना और हापुड़ में दर्ज मुकदमों से संबंधित पाए गए हैं। इसके अलावा दो तमंचे .315 बोर, तीन जिंदा कारतूस, दो खोखा कारतूस और हरियाणा नंबर की स्विफ्ट डिजायर कार भी बरामद की गई है।
गिरफ्तार आरोपियों में इरफान मलिक निवासी समर गार्डन मेरठ, फैजान उर्फ सानू निवासी हुसैनपुर कला बुढाना, इस्लामुद्दीन निवासी समर गार्डन मेरठ और कामिल निवासी जाहिदपुर मेरठ शामिल हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार गिरोह के सदस्यों पर मुजफ्फरनगर, मेरठ, हापुड़ और असम तक में चोरी और आर्म्स एक्ट के कई मुकदमे दर्ज हैं। इरफान मलिक पर पूर्व में असम के गुवाहाटी में भी मोबाइल टॉवर उपकरण चोरी का मामला दर्ज हो चुका है। इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली थाना बुढाना पुलिस और सर्विलांस टीम को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने 20 हजार रुपये के पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की है।






