मुजफ्फरनगर के पेपर उद्यमी बोले-अब नहीं जलाएंगे एमएसडब्ल्यू

आरडीएफ ईंधन विवाद पर उद्योगपति डीएम कार्यालय पहुंचे, मान्यता प्राप्त ईंधन ही जलाने का दिया आश्वासन

मुजफ्फरनगर। जनपद में आरडीएफ को लेकर चल रहे विवाद के बीच शनिवार को पेपर उद्योगों से जुड़े उद्योगपति कलेक्ट्रेट स्थित जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। पेपर मिल संचालकों ने डीएम के नाम एडीएम प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर स्पष्ट कहा कि वे एमएसडब्ल्यू नहीं जलाएंगे, बल्कि केवल सरकार से मान्यता प्राप्त ईंधन यानी आरडीएफ का ही उपयोग करेंगे। उन्होंने प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था को सुधारने और नई व्यवस्थाएं लागू करने के लिए तीन से चार महीने का समय भी मांगा है। साथ ही प्रशासन से मांग की कि पेपर मिलों के अलावा भी प्रदूषण फैलाने वाले अन्य छोटे-बड़े उद्योगों की पहचान कर उन पर आवश्यक कार्रवाई की जाए।
मुजफ्फरनगर में औद्योगिक क्षेत्र को लेकर पर्यावरणीय चुनौतियां एक बार फिर चर्चा में हैं। आरडीएफ बनाम एमएसडब्ल्यू ईंधन विवाद के चलते उद्योग और प्रशासन आमने-सामने दिख रहे थे, लेकिन अब पेपर मिल संचालकों ने आगे बढ़कर समाधान का रास्ता तलाशने की पहल की है। उद्योगों की ओर से प्रदूषण नियंत्रण के लिए ठोस कदम उठाने और प्रशासन के साथ सामंजस्य बनाने का भरोसा दिया गया है। शनिवार को पेपर मैन्युफैक्चर एसोसिएशन के अध्यक्ष पंकज अग्रवाल के नेतृत्व में उद्योगपति कलेक्ट्रेट पहुंचे। एडीएम प्रशासन संजय कुमार सिंह को सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया है कि एसोसिएशन की सर्वसम्मति से यह फैसला किया गया है कि किसी भी पेपर मिल में एमएसडब्ल्यू का उपयोग नहीं किया जाएगा। मिलें केवल सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त आरडीएफ जैसे ईंधन का ही प्रयोग करेंगी।
ज्ञापन में बताया गया कि भोपा रोड पर लगातार बढ़ती यातायात समस्या को ध्यान में रखते हुए एक निगरानी कमेटी का गठन किया गया है। यह कमेटी सड़क के दोनों ओर साफ-सफाई, यातायात के सुचारू संचालन और आवश्यक सुधार कार्यों की निगरानी करेगी। एसोसिएशन ने प्रशासन को आश्वस्त किया कि सभी पेपर मिलों की चिमनियों से निकलने वाले धुएं को नियंत्रित करने के लिए तकनीकी सुधार कार्य पहले से ही प्रगति पर हैं। उद्योगपतियों का कहना है कि तीन से चार महीने के भीतर प्रदूषण उत्सर्जन को काफी हद तक नियंत्रित कर लिया जाएगा, जिससे आसपास के गांवों में रहने वाले लोगों को राहत मिलेगी। उद्योगपतियों ने प्रशासन व प्रदूषण विभाग से यह भी मांग की कि पेपर मिलों को केवल निशाना न बनाया जाए। जिले में कई छोटे-बड़े व अनधिकृत उद्योग भी हैं, जिनसे बड़े पैमाने पर प्रदूषण फैलता है। ऐसे सभी प्रतिष्ठानों की निष्पक्ष जांच कर यह आकलन किया जाए कि कौन-सा उद्योग कितना प्रदूषण कर रहा है और उनके खिलाफ भी समान कार्रवाई की जाए। पेपर मिल एसोसिएशन के इस रुख को औद्योगिक क्षेत्र और प्रशासन के बीच बेहतर तालमेल की दिशा में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है। अब देखना यह होगा कि आगामी महीनों में प्रदूषण नियंत्रण और उद्योगों की ओर से किए गए वादे किस तरह धरातल पर उतरते हैं।

इसे भी पढ़ें:  खेत में गिरी कार बनी आग का गोला, घर में फटा गैस सिलेंडर

Also Read This

देवबंद में डंपर की टक्कर से मोपेड सवार कामिल की मौत, महिला घायल

देवबंद। सांपला रोड पर देवबंद ब्लॉक के नजदीक डंपर की टक्कर से मोपेड सवार व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उनके साथ बैठी महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। मृतक की पहचान ग्राम फुलास अकबरपुर निवासी कामिल पुत्र फय्याज के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, 6 जून 2026 को कामिल अपनी पुत्रवधू के साथ मोपेड पर सवार होकर किसी कार्य से देवबंद आ रहे थे। जब वे देवबंद ब्लॉक के पास पहुंचे, तभी पीछे से आ रहे डंपर ने मोपेड में टक्कर मार दी। हादसे में दोनों घायल हो गए। इसे भी पढ़ें:  बेगराजपुर औद्योगिक क्षेत्र में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की छापेमारी, पांच इकाइयां सीलसूचना मिलने पर

Read More »

दलित युवक के कथित धर्मांतरण पर खड़ा हुआ विवाद

पत्नी ने जारी वीडियो जारी कर लगाए आरोप, स्वामी यशवीर ने की निष्पक्ष जांच की मांग मुजफ्फरनगर। देवबंद निवासी एक दलित युवक के कथित धर्मांतरण को लेकर नया विवाद सामने आया है। यह मामला तब गरमा गया जब युवक की पत्नी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें उसने एक मुस्लिम परिवार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। वीडियो वायरल होने के बाद योग साधना यशवीर आश्रम बघरा के पीठाधीश्वर स्वामी यशवीर महाराज ने भी इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग की है। इसे भी पढ़ें:  दहेज ठुकराने वाले युवाओं को विशेष सम्मान देगी सर्वखाप पंचायतः नरेश टिकैतवायरल वीडियो में युवक की पत्नी ने आरोप लगाया है कि

Read More »

जहीर का जौहरः पुरकाजी को मिली 50 लाख की सर्विस लेन सड़क की सौगात

चेयरमैन ने किया नई सड़क का उद्घाटन, खेड़ा दरवाजा से हाईवे बाईपास तक आवागमन होगा सुगम, सरकारी गौशाला और स्थानीय लोगों को मिलेगा सीधा लाभ मुजफ्फरनगर। कस्बा पुरकाजी की लंबे समय से चली आ रही एक प्रमुख मांग आखिरकार पूरी हो गई। नगर पंचायत पुरकाजी द्वारा खेड़ा दरवाजा से हाईवे बाईपास तक करीब 50 लाख रुपये की लागत से निर्मित सर्विस लेन सड़क का उद्घाटन किया गया। इस सड़क के निर्माण से जहां स्थानीय नागरिकों को आवागमन में सुविधा मिलेगी, वहीं दो मंजिला सरकारी गौशाला तक चारा, भूसा एवं अन्य आवश्यक सामग्री पहुंचाने में भी आसानी होगी। इसे भी पढ़ें:  वैष्णो देवी धाम में भूस्खलन: मुजफ्फरनगर के श्रद्धालु की मौत,

Read More »

कूड़े से कमाई का मॉडल बन रहा मुजफ्फरनगर, बढ़ी पालिका की आयः मीनाक्षी स्वरूप

निरीक्षण के दौरान स्वच्छता प्रबंधन, कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण तथा पुनर्चक्रण व्यवस्था को और प्रभावी बनाने पर विस्तार से चर्चा की

Read More »