कौशल विकास, तकनीकी प्रशिक्षण और रोजगार सृजन को नई गति देने पर सरकार का जोर, योजनाओं की उपलब्धियां गिनाईं
लखनऊ। विश्व युवा कौशल दिवस-2026 के अवसर पर उत्तर प्रदेश सरकार के व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता विभाग की ओर से बुधवार को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के मर्करी हॉल में भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कौशल विकास मिशन एवं औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) से प्रशिक्षण प्राप्त युवाओं को सम्मानित करते हुए उन्हें आत्मनिर्भर भारत और विकसित उत्तर प्रदेश के निर्माण में महत्वपूर्ण भागीदार बताया। इस अवसर पर कौशल विकास राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार कपिल देव अग्रवाल भी मौजूद रहे।

समारोह में प्रदेशभर से आए प्रशिक्षित युवाओं, प्रशिक्षण संस्थानों के प्रतिनिधियों तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को आधुनिक तकनीकी शिक्षा, उद्योगों की मांग के अनुरूप कौशल प्रशिक्षण और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार नई पहल कर रही है। उन्होंने कहा कि कौशल विकास केवल रोजगार प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि युवाओं को आत्मनिर्भर और उद्यमी बनाने का सशक्त आधार है।

कार्यक्रम के दौरान कौशल विकास मिशन और आईटीआई से प्रशिक्षण प्राप्त कर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले युवाओं को सम्मानित किया गया। साथ ही विभिन्न सरकारी योजनाओं और कार्यक्रमों के माध्यम से युवाओं को रोजगार, स्वरोजगार और उद्यमिता से जोड़ने के प्रयासों की जानकारी भी दी गई। समारोह में कौशल विकास विभाग के राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार कपिल देव अग्रवगाल ने कहा कि प्रदेश सरकार के प्रयासों से युवाओं को गुणवत्तापूर्ण तकनीकी प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे वे बदलती औद्योगिक आवश्यकताओं के अनुरूप स्वयं को तैयार कर सकें। प्रशिक्षण के साथ-साथ उन्हें रोजगार और स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ने पर भी विशेष बल दिया जा रहा है।
कार्यक्रम में यह भी रेखांकित किया गया कि कौशल से स्वावलंबन, स्वावलंबन से सम्मान की अवधारणा को साकार करने के लिए सरकार उद्योगों और प्रशिक्षण संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर रही है। इससे प्रदेश के लाखों युवाओं को रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण मिलने के साथ उनके उज्ज्वल भविष्य की संभावनाएं भी मजबूत हो रही हैं। कार्यक्रम के अंत में विश्वास व्यक्त किया गया कि कौशल विकास की जनभागीदारी आधारित यह मुहिम प्रदेश के युवाओं को नई दिशा देने के साथ विकसित उत्तर प्रदेश और विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान सुनिश्चित करेगी।
