खतौली क्षेत्र के पिपलहेड़ा गांव में चार घंटे तक पांच धूनियों के बीच करते हैं तप भीषण गर्मी और 42 डिग्री तापमान के बीच जहां आमजन घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं, वहीं पिपलहेड़ा गांव के प्रधान तपस्वी राजकुमार भगत अपनी कठिन अग्नि तपस्या को लेकर क्षेत्र में चर्चा का विषय बने हुए हैं।
बताया जाता है कि भगत जी प्रतिदिन खुले आसमान के नीचे पांच अग्नि धूनियों के मध्य बैठकर करीब चार घंटे तक भगवान का ध्यान एवं साधना करते हैं। चिलचिलाती धूप और तेज गर्म हवाओं के बावजूद उनकी अटूट भक्ति और तपस्या को देखकर लोग आश्चर्यचकित हो जाते हैं।गांव एवं आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु उन्हें देखने पहुंच रहे हैं। तपस्या के दौरान वहां श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रहती है और लोग उनकी आस्था व साधना के प्रति सम्मान प्रकट करते हुए नतमस्तक हो जाते हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इतनी भीषण गर्मी में अग्नि के बीच बैठकर साधना करना सामान्य व्यक्ति के लिए संभव नहीं है। भगत जी की इस तपस्या को लोग धार्मिक आस्था और आत्मबल का प्रतीक मान रहे हैं।





