डीएसओ दफ्तर में जाम छलकाने पर डीएम ने बैठाई जांच

मुजफ्फरनगर। जिला पूर्ति विभाग एक बार फिर से चर्चाओं में आया है। भाजपा नेता पूर्व सभासद के साथ क्षेत्रीय कार्यालय में अभद्रता के मामले में कई दिनों तक यह विभाग लोगों की जुबां पर बना रहा, अब डीएसओ कार्यालय में देर रात तक कोकटेल और मटन पार्टी करने के मामले को लेकर विभाग में हलचल मची हुई है। इस प्रकरण में खबर सामने आने के बाद जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने इसको गंभीरता से लिया और जिला पूर्ति अधिकारी से जांच कर रिपोर्ट मांगी है। डीएम के निर्देश पर डीएसओ ने संदिग्ध माने जा रहे विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों को नोटिस जारी करते हुए जवाब तलब किया है। सीसीटीवी फुटेज को खंगालने के साथ ही विभाग और कार्यालय के अन्य कर्मचारियों से भी पूछताछ की जा रही है। दावा है कि कार्यालय में पार्टी करने जैसी कोई बात या साक्ष्य अभी नहीं मिल पाये हैं, फिर भी जांच का कार्य जारी है।

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बता दें कि नवीन मंडी स्थल पर स्थित जिला पूर्ति अधिकारी के कार्यालय परिसर में विगत दिनों विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों के द्वारा कोकटेल पार्टी के साथ ही वहीं पर मटन बनाने और खाने पीने के आरोप लगाये गये थे। इसको लेकर खबर सामने आने के बाद जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने गंभीरता दिखाई और जिला पूर्ति अधिकारी को जांच करने के आदेश के साथ ही सख्त कार्यवाही करने के लिए कहा, तो विभाग में हलचल मच गई। डीएम के आदेश पर पूर्ति अधिकारी राघवेन्द्र सिंह ने बताया कि जांच शुरू कर दी गई है। मामले में संदिग्ध बताये गये अधिकारियों और कर्मचारियों को नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा गया है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रथम दृष्टया जांच में कार्यालय या कार्यालय परिसर में कोकटेल पार्टी करने, मटन बनाकर खाने पीने जैसी कोई बात सामने नहीं आई है।

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कार्यालय में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को भी देखा गया है, ऐसी कोई भी संदिग्ध गतिविधि होने के साक्ष्य नहीं मिल पाये है। डीएसओ राघवेन्द्र सिंह कहा कि कार्यालय के कर्मचारियों से भी मामले को लेकर साक्ष्य जुटाने के लिए पूछताछ की जा रही है, लेकिन कोई भी बात सामने नहीं आई है। सूत्रों के अनुसार इस मामले में डीएसओ द्वारा विभाग के एआरओ अमित यादव, विकास कुमार सहित तीनों एआरओ और दो लिपिकों को नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा है। उनसे उस रात की उनकी उपस्थिति के साक्ष्य भी देने के लिए कहा गया है कि वो रात्रि के समय जब कार्यालय पर कोकटेल पार्टी होने के आरोप लगाये जा रहे हैं, उनकी उपस्थिति कहां पर थी? डीएसओ ने स्पष्ट किया है कि वो जांच कर रहे हैं, लेकिन जिस प्रकार के आरोप लगाये गये हैं, वैसा कुछ भी कार्यालय परिसर में होने का साक्ष्य अभी तक नहीं मिल पाया है। जवाब आने के बाद इस सम्बंध में रिपोर्ट जिलाधिकारी को प्रेषित कर दी जायेगी। 

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