बाराबंकी। लखनऊ-अयोध्या हाईवे पर शुक्रवार दोपहर सनसनीखेज वारदात में माफिया मुख्तार अंसारी गैंग से जुड़े शूटर शोएब किदवई उर्फ बॉबी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना उस समय हुई जब वह कार से लखनऊ से बाराबंकी लौट रहा था। बाइक सवार हमलावरों ने सर्विस लेन पर कार रोकते ही ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
पुलिस के अनुसार, शोएब पर करीब 15 से अधिक गोलियां चलाई गईं। हमलावर वारदात के बाद अयोध्या की दिशा में फरार हो गए। गंभीर रूप से घायल शोएब को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
हत्या की सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके को सील कर दिया। फॉरेंसिक टीम ने कार और आसपास से साक्ष्य जुटाए। कार पर कई स्थानों पर गोलियों के निशान मिले हैं। घटना की गंभीरता को देखते हुए आईजी प्रवीण कुमार, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक भी मौके पर पहुंचे और जांच की निगरानी की।

सूत्रों का कहना है कि मुख्तार अंसारी की मौत के बाद गैंग के भीतर वर्चस्व की लड़ाई और आपसी रंजिश चल रही थी। शोएब पर हत्या, रंगदारी और गैंगवार से जुड़े कई मुकदमे दर्ज थे। माना जा रहा है कि हत्या गैंग प्रतिद्वंद्विता का परिणाम हो सकती है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, लखनऊ से निकलते ही शोएब की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी। हाईवे पर तेज रफ्तार के कारण हमलावर मौका नहीं पा सके, लेकिन जैसे ही उसने सर्विस लेन पर गाड़ी की रफ्तार कम की, बाइक सवार बदमाशों ने कार को घेर लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एक हमलावर ने सामने से गोलियां चलाईं, जबकि दूसरे ने ड्राइविंग सीट के पास जाकर करीब से फायरिंग की। पूरा घटनाक्रम दो मिनट से भी कम समय में अंजाम दिया गया।
करीब 50 वर्षीय शोएब बाराबंकी के सिविल लाइंस क्षेत्र में रहता था। परिवार में पत्नी और एक 15 वर्षीय बेटा है। वह पेशे से वकील भी था और स्थानीय राजनीति में सक्रिय रहा था। वह पूर्व में ब्लॉक प्रमुख भी रह चुका था।
शोएब वकालत से भी जुड़ा था। हत्या की खबर के बाद जिला अस्पताल में वकीलों ने विरोध प्रदर्शन किया और 48 घंटे के भीतर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की।
पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं और कई टीमें हमलावरों की तलाश में लगी हैं। मामले की जांच जारी है।





