ग्रेटर आगरा को उत्तर प्रदेश का दूसरा नोएडा बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगरा के लिए मेगा प्लान का ऐलान करते हुए कहा कि 5142 करोड़ रुपये की लागत से 449.65 हेक्टेयर में नई टाउनशिप विकसित की जाएगी। सरकार का लक्ष्य आगरा को केवल पर्यटन स्थल तक सीमित न रखकर उसे आधुनिक, सांस्कृतिक और आर्थिक केंद्र के रूप में आगे बढ़ाना है। मुख्यमंत्री ने मंगलवार को रहनकलां में ग्रेटर आगरा टाउनशिप समेत 6777 करोड़ रुपये की 325 विभिन्न योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया।
इस दौरान उन्होंने कहा कि ग्रेटर नोएडा की तर्ज पर ग्रेटर आगरा विकसित होगा और यह नया शहर स्मार्ट होने के साथ-साथ पूरी तरह सुरक्षित भी होगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आगरा में बड़ी-बड़ी कंपनियां और योजनाएं आएंगी, जिससे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने साफ किया कि सरकार आगरा को केवल ताजमहल और पर्यटन की पहचान तक सीमित नहीं रखना चाहती, बल्कि उसे विकास के नए मानक पर स्थापित करना चाहती है। उन्होंने कहा कि आगरा को मेट्रो मिल चुकी है और अब साल के अंत तक सिविल टर्मिनल भी मिल जाएगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि वह शिवाजी स्मारक, म्यूजियम और मेट्रो के दूसरे चरण के उद्घाटन के लिए फिर आएंगे। उत्तर प्रदेश सरकार की नए शहर प्रोत्साहन योजना के तहत आगरा विकास प्राधिकरण द्वारा इस महत्वाकांक्षी टाउनशिप का निर्माण किया जाएगा। यह परियोजना रायपुर और रहनकलां क्षेत्र में विकसित होगी। रेरा से इस प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल चुकी है। टाउनशिप में 10 हजार से अधिक परिवारों के लिए मल्टीस्टोरी फ्लैट्स, ग्रुप हाउसिंग, प्लॉट, आधुनिक सड़कें, सीवरेज, हरित क्षेत्र और अन्य नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
सरकार इसे आस्था और आधुनिक शहरीकरण के अनूठे संगम के रूप में प्रस्तुत कर रही है। इस टाउनशिप की एक खास पहचान इसके सेक्टरों के नामकरण से भी जुड़ी होगी। जानकारी के अनुसार, यहां सेक्टरों के नाम गंगा, यमुना, सरस्वती, गोदावरी जैसी 10 पवित्र नदियों के नाम पर रखे जाएंगे। इस योजना को सिर्फ आवासीय विस्तार के रूप में नहीं, बल्कि सांस्कृतिक पहचान और आधुनिक शहरी संरचना के मेल के रूप में भी देखा जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आगरा के पेठा को विश्व स्तर पर ख्याति दिलाई जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि फतेहपुर सीकरी क्षेत्र के विकास पर सरकार का विशेष ध्यान रहेगा।
इसके अलावा उन्होंने कहा कि यदि समय से विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार हो जाती है, तो शहर में रबर डैम निर्माण की योजना को भी धरातल पर उतारा जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का देश की विरासत के साथ विकास का मंत्र आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि कश्मीर से अनुच्छेद 370 को हटाकर आतंकवाद के ताबूत में अंतिम कील ठोंक दी गई है और देश से नक्सलवाद-माओवाद खत्म हो रहा है।
पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि पहले माफियाओं को संरक्षण मिलता था, लेकिन डबल इंजन की सरकार ने उन्हें मिट्टी में मिला दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि अयोध्या, मथुरा और सम्भल को उनका पुराना सांस्कृतिक गौरव लौटाया गया है। साथ ही लोगों से एकजुट होकर सनातन के गौरव के लिए आगे बढ़ने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री ने वैश्विक हालात और भारत की प्रगति की तुलना करते हुए कहा कि आज दुनिया के कई हिस्सों में युद्ध के कारण तबाही और भयंकर महंगाई है। उन्होंने कहा कि अमेरिका जैसे देश में पेट्रोल के दाम चार गुना तक बढ़ गए हैं और पड़ोसी देश पाकिस्तान पूरी तरह तबाह हो चुका है।
उनके अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में भारत तेजी से विकास के पथ पर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि सरकार ने उत्पाद कर को कम करके महंगाई को बढ़ने नहीं दिया और आज भारत पूरी दुनिया को नेतृत्व प्रदान करता हुआ दिखाई दे रहा है। ग्रेटर आगरा परियोजना को सरकार केवल एक नई टाउनशिप के रूप में नहीं, बल्कि आगरा की नई आर्थिक पहचान के रूप में आगे बढ़ा रही है।
एक ओर यहां आवास, सड़क, सीवरेज और हरित क्षेत्र जैसी आधुनिक सुविधाओं का ढांचा तैयार होगा, तो दूसरी ओर रोजगार, निवेश और शहरी विस्तार के नए रास्ते खुलने की उम्मीद भी जताई जा रही है। यही वजह है कि ग्रेटर आगरा को आगरा के भविष्य से जुड़ी सबसे बड़ी परियोजनाओं में से एक माना जा रहा है। सरकार की कोशिश साफ है कि आगरा को पर्यटन की सीमित पहचान से बाहर निकालकर विकास, संस्कृति और अर्थव्यवस्था के नए केंद्र के रूप में स्थापित किया जाए।






