एनएच-58 पर पचैंडा बाइपास के पास चेकिंग के दौरान पकड़ा गया ट्रक, बरामद गांजे की कीमत करीब 52 लाख रुपये
मुजफ्फरनगर। नई मंडी पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन सवेरा अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए गांजा तस्करी के एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से ट्रक में छिपाकर रखा गया 103.90 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 52 लाख रुपये बताई गई है। तस्करी में प्रयुक्त ट्रक को भी पुलिस ने कब्जे में ले लिया है।
एसएसपी संजय वर्मा ने बुधवार को आयोजित प्रेस वार्ता में मीडिया कर्मियों को जानकारी देते हुए बताया कि 16 सितंबर को नई मंडी पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ गांजा तस्कर ट्रक में अवैध मादक पदार्थ लेकर मुजफ्फरनगर की ओर आने वाले हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने एनएच-58 पर पचैंडा बाइपास के पास सघन चेकिंग अभियान शुरू किया। इसी दौरान एक संदिग्ध ट्रक को रोककर तलाशी ली गई। ट्रक में छिपाकर रखा गया 103.90 किलोग्राम गांजा बरामद होने पर पुलिस ने मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान शिवा पुत्र धीर सिंह निवासी बिजली बंबा बाइपास, थाना लोहियानगर, मेरठ के रूप में हुई है। पुलिस ने तस्करी में प्रयुक्त ट्रक संख्या यूपी-12 एटी-1297 भी बरामद किया है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर मादक पदार्थों की तस्करी करता है। गिरोह के सदस्य ट्रक से आंध्र प्रदेश जाते थे और वहां से गांजा खरीदकर ट्रक में छिपाकर लाते थे। इसके बाद मेरठ, मुजफ्फरनगर, शामली तथा आसपास के जनपदों में ऊंचे दाम पर गांजा बेचकर आर्थिक लाभ कमाते थे।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और उनके संपर्कों की भी गहनता से जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद गांजे की खेप कहां से लाई गई थी और इसे किन-किन स्थानों पर सप्लाई किया जाना था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मादक पदार्थों की तस्करी से संबंधित धाराओं में कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रेस नोट के अनुसार, मु0अ0सं0 224/26, धारा 8/21/22 एनडीपीएस एक्ट के तहत अभियोग दर्ज किया गया है। गिरफ्तारी और बरामदगी के संबंध में अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। कार्रवाई में थाना नई मंडी के प्रभारी निरीक्षक आनंद देव मिश्र, उपनिरीक्षक संदीप सिंह धारीवाल, उपनिरीक्षक दिनेश कौशिक, हेड कांस्टेबल सुशील कुमार, हेड कांस्टेबल शीतल देव तथा कांस्टेबल रोहित कुमार, हिमांशु, कुलदीप सिंह, दिनेश बाना, राजीव अत्री, मुनेश कुमार, नवीन कुमार, धीरज कुमार और विरेख शामिल रहे।
