आज देश में संस्कृति को बचाने वाली सरकारः सतीश महाना

मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष सतीश महाना ने शुक्रवार को तीर्थनगरी शुकतीर्थ के हनुमंतधाम में आयोजित संत समागम में शामिल होकर कहा कि आज देश और प्रदेश में संस्कृति और धर्म को बचाने वाली संवेदनशील सरकारें काम कर रही हैं, ऐसे में हम सभी को गंगा के महत्व और गरिमा को बचाने के लिए आस्था के साथ अपना सहयोग भी करना चाहिए। उन्होंने संतों को देश की अदृश्य शक्ति बताते हुए कहा कि इनके आशीर्वाद से ही देश दुनिया में चमक रहा है।

शुकतीर्थ में विश्व प्रसि( सि(पीठ श्री हनुमंतधाम में श्रीराम आध्यात्मिक प्रण्यास द्वारा आयोजित दिव्य विराट संत सम्मेलन में यूपी विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने सम्मिलित होकर अनेक संत महापुरुषों के सानिध्य में रहकर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान उन्होंने मीडिया कर्मियों से बातचीत में कहा कि मानव के जीवन में कुछ ऐसे क्षण आते हैं, जो हमें ऊर्जा और उत्साह प्रदान करते हैं। वो पल स्नेह, समर्पण, त्याग, संस्कृति और संस्कारों के साथ ही अध्यात्म के भी हो सकते हैं। आज ऐसा ही क्षण मुझे मिला और यहां शकुतीर्थ आने के बाद संतों का सत्संग का सुअवसर मेरे जीवन का अनमोल तोहफा है। इस संत समागम में बड़ी संख्या में संतो से आशीर्वाद पाकर मैं खुद को अभिभूत महसूस कर रहा हूं।

इसे भी पढ़ें:  चोरी करने आये बदमाशों ने की फायरिंग, दहशत में भैंस की मौत

140 करोड़ की जनसंख्या रखने वाला देश ऐसे ही नहीं चलता

उन्होंने कहा कि मैं इस बात को मानता हूं कि हमारे देश की संस्कृति और संस्कार इसी विचार और भावना के साथ टिके हुए हैं, जो पूरे देश और दुनिया में प्रकाशमय हो रहे हैं। 140 करोड़ की जनसंख्या रखने वाला देश ऐसे ही नहीं चलता, कुछ अदृश्य शक्तियां होती हैं, जिनका सहयोग ही देश को चलाने में सहायक साबित होता है, संत भी ऐसी ही अदृश्य शक्ति की भूमिका निभाते हैं। हनुमान जी से बड़ा भक्त इस धरती पर कोई दूसरा नहीं हुआ है। वो गुरू भी हैं और ऐसे भक्त व गुरू को प्रणाम कर मैं प्रसन्न हूं।


मुजफ्फरनगर का यह दो दिवसीय दौरा मेरे लिए अविस्मरणीय क्षण रहेगा। उन्होंने कहा कि आज देश और प्रदेश में धर्म परायण और संस्कृति को मानने वाली सरकार है, इस सरकार में संस्कृति और धर्म की रक्षा को लेकर काम हुआ है। गंगा की अविरलता को लेकर उन्होंने कहा कि गंगा के प्रति जो आस्था थी लोगों में, उसके विपरीत कलांतर में जो कुछ हुआ, उसी से क्षुब्ध होकर गंगा दूर होती चली गई है। देश और प्रदेश में धर्म व संस्कृति के प्रति संवेदनशील रहने वाली सरकारों ने गंगा के महत्व और गरिमा को बचाने के लिए इसकी अविरलता को लौटाने के लिए बहुत कुछ काम किया है और अभी भी बहुत कुछ होना बाकी है। लोगों को भी गंगा के प्रति अपनी आस्था और भावना के साथ सहयोग के लिए जुटना होगा, तभी यह संस्कृति बच पायेगी।

इसे भी पढ़ें:  दोस्तों के साथ कांवड़ लेने हरिद्वार जा रहे हरियाणा के कांवड़िया की मौत

यह सम्मेलन आत्मा को जागृत करने वाला था-मंत्री कपिल देव

मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि संतों की दिव्य वाणी, उनके अनुभवों की गहराई और समाज कल्याण हेतु उनके विचार अत्यंत प्रेरणादायी रहे। यह सम्मेलन न केवल आत्मा को जागृत करने वाला था, बल्कि सनातन संस्कृति के मूल्यों और आदर्शों को पुनः स्मरण कराने वाला एक अद्भुत अवसर भी रहा। इस दौरान आयोजकों के द्वारा सतीश महाना के साथ ही यूपी सरकार के मंत्री कपिल देव अग्रवाल को भी सम्मानित किया गया।


इससे पूर्व सतीश महाना और मंत्री कपिल देव ने अन्य जनप्रतिनिधियों व संतों केस ाथ भगवान शुकदेव की कर्मभूमि पर अनेक मंदिरों और आश्रमों मं पहुंचकर दर्शन करते हुए आध्यात्मिक अनुभूति का अवसर प्राप्त किया। इस दौरान उन्होंने रामकृष्ण आश्रम और हनुमंतधाम में पूजन अर्चना की। इसके पश्चात संत सम्मेलन में देश भर से पधारे संतों ने अपने ज्ञान, भक्ति और वाणी से वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। इस अवस पर मुख्य रूप से सांसद चंदन चौहान, विधायक मिथलेश पाल, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल, भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ. सुधीर सैनी सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।

इसे भी पढ़ें:  भाकियू का बिगुल-जीआईसी मैदान में मजदूर-किसान महापंचायत, यातायात पर लगी पाबंदी

मंत्री अनिल कुमार और सांसद चंदन चौहान के आवास पर हुआ सतीश महाना का स्वागत

मुजफ्फरनगर। यूपी विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना का शुक्रवार को यूपी सरकार के कैबिनेट मंत्री अनिल कुमार के अंकित विहार स्थित आवास के साथ ही सांसद चंदन चौहान के आवास पर भी स्वागत किया। यहां पर जलपान ग्रहण करने के लिए उनको आमंत्रित किया गया था। इस दौरान ढोल तासों के बीच उनका यादगार स्वागत किया गया। दोनों ही स्थानों पर भाजपा और रालोद के नेताओं की मौजूदगी ने गठबंधन की मजबूती की तस्वीर भी पेश की। इस दौरान मंत्री कपिल देव अग्रवाल भी मौजूद रहे।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *