महिलाओं ने लगाए ‘हमें चाहिए शिक्षा, नहीं चाहिए शराब ठेका’ के नारे, अनुमति निरस्त न होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी
मुजफ्फरनगर। जनपद मुजफ्फरनगर के चरथावल थाना क्षेत्र स्थित गांव पावटी में प्रस्तावित शराब ठेके का विरोध तेज हो गया है। सोमवार को गांव के दर्जनों ग्रामीणों और महिलाओं ने कचहरी स्थित जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से शराब ठेके की अनुमति तत्काल निरस्त करने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि उनकी मांग पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो व्यापक जन आंदोलन शुरू किया जाएगा।
सोमवार को गांव पावटी के बड़ी संख्या में ग्रामीण और महिलाएं कचहरी स्थित जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और शराब ठेके के विरोध में जोरदार नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि गांव में शराब का ठेका खुलने से सामाजिक वातावरण दूषित होगा तथा युवाओं पर इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। महिलाओं ने प्रदर्शन के दौरान ष्नहीं चाहिए शराब ठेका, हमें चाहिए शिक्षाष् जैसे नारों के माध्यम से अपनी नाराजगी व्यक्त की। उनका कहना था कि गांव के विकास के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसी सुविधाओं की आवश्यकता है, न कि शराब की दुकान की।
प्रदर्शन में राष्ट्रीय त्यागी भूमिकार ब्राह्मण समाज समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष मांगेराम त्यागी भी ग्रामीणों के साथ धरने पर बैठे। उनके साथ अजीत सिंह, मोनू त्यागी, मुरसलीम सहित सैकड़ों ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई। प्रदर्शनकारियों ने जिलाधिकारी के नाम ज्ञापन सौंपते हुए गांव में प्रस्तावित शराब ठेके की अनुमति तत्काल निरस्त करने की मांग की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि प्रशासन ने समय रहते उचित निर्णय नहीं लिया तो ग्रामीण बड़े स्तर पर आंदोलन और धरना-प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होंगे। ग्रामीणों ने दोहराया कि गांव का सामाजिक और सांस्कृतिक वातावरण किसी भी कीमत पर खराब नहीं होने दिया जाएगा।






