आठ दिन से झुलसा रही थी भीषण गर्मी, मुजफ्फरनगर में झमाझम बारिश से मौसम हुआ सुहावना
मुजफ्फरनगर। जनपद मुजफ्फरनगर समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मानसून सक्रिय हो गया है। मंगलवार देर रात शुरू हुई बारिश का सिलसिला बुधवार सुबह तक जारी रहा। लगातार आठ दिनों से भीषण गर्मी और उमस झेल रहे लोगों को बारिश ने बड़ी राहत दी। तापमान में गिरावट दर्ज होने के साथ ही मौसम सुहावना हो गया और सुबह से ही शहर के बाजारों, पार्कों और प्रमुख मार्गों पर लोगों की आवाजाही सामान्य दिनों की तुलना में अधिक दिखाई दी।
बारिश के साथ चली ठंडी हवाओं ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया। पिछले कई दिनों से तेज धूप और उमस के कारण घरों में कैद रहने को मजबूर लोग सुबह और शाम खुले वातावरण का आनंद लेते नजर आए। शहर के साथ-साथ गांव देहात में भी बारिश का असर साफ दिखाई दिया, जहां खेतों में नमी आने से किसानों ने राहत की सांस ली। मानसून की पहली अच्छी बारिश खरीफ सीजन की फसलों के लिए बेहद लाभकारी मानी जा रही है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार बारिश से धान की रोपाई में तेजी आएगी, जबकि गन्ना, मक्का, बाजरा, ज्वार, मूंग, उड़द, तिल और सोयाबीन जैसी फसलों को भी पर्याप्त नमी मिलेगी। इससे किसानों को सिंचाई पर होने वाले अतिरिक्त खर्च से राहत मिलेगी और खेती की लागत कम होने की संभावना है।
बारिश ने राहत के साथ कुछ परेशानियां भी खड़ी कर दीं। शहर के कई निचले इलाकों, मुख्य बाजारों और प्रमुख सड़कों पर जलभराव की स्थिति बन गई। जलनिकासी व्यवस्था प्रभावित होने से वाहन चालकों और राहगीरों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर पानी भरने से यातायात भी धीमा रहा। इसके बावजूद अधिकांश लोगों ने माना कि भीषण गर्मी से मिली राहत के सामने यह असुविधा मामूली है।
मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां पूरी तरह सक्रिय हो चुकी हैं। अगले 24 से 48 घंटों के दौरान मुजफ्फरनगर और आसपास के क्षेत्रों में रुक-रुक कर बारिश, तेज हवाएं तथा कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ वर्षा होने की संभावना है। लगातार बारिश से तापमान में और गिरावट आने के साथ भूजल स्तर, जलाशयों में पानी तथा वायु गुणवत्ता में भी सुधार की उम्मीद जताई गई है।





