अली खामेनेई की हत्या के विरोध में मुजफ्फरनगर में सड़क पर उतरे शिया सोगवार

अमेरिका-इजराइल के खिलाफ जुलूस निकालकर किया प्रदर्शन, अली खामेनेई को खिराजे अकीदत की पेश

मुजफ्फरनगर। शहर में जुमे की नमाज के बाद शिया समाज के लोगों ने ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की कथित हत्या के विरोध में शांतिपूर्ण जुलूस निकाला। प्रदर्शन के दौरान शिया सोगवारों द्वारा गम और गुस्से का इजहार किया गया तथा भारत सरकार से हस्तक्षेप की मांग करते हुए राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान पुलिस और प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट नजर आया।
शिया समाज के लोगों ने जुमे की नमाज के बाद किदवई नगर से फक्करशाह चौक तक शांतिपूर्ण जुलूस निकाला। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि ईरान के सर्वोच्च धर्मगुरु और सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की अमेरिका और इजराइल द्वारा जालिमाना हमले में हत्या कर दी गई है। इस घटना को लेकर समाज में गहरा आक्रोश और शोक व्याप्त है।

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जुलूस में शामिल सोगवारों ने हाथों में तस्वीरें लेकर खिराजे अकीदत पेश की। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे धर्मगुरु ने तकरीर के दौरान घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। माहौल गमगीन रहा और लोगों की आंखों में आंसू दिखाई दिए। प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन सतर्क रहा। सुरक्षा व्यवस्था के बीच जुलूस शांतिपूर्वक संपन्न हुआ।

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प्रदर्शन के उपरांत जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कहा गया कि अली खामेनेई की हत्या से न केवल शिया समाज बल्कि दुनिया भर के अमनपसंद लोगों में शोक और रोष है। ज्ञापन में भारत सरकार से मांग की गई कि वह इस मामले में हस्तक्षेप करे और निर्दोष लोगों पर हो रही बमबारी को रुकवाने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहल करे। प्रदर्शन में आसिफ अली, हसन नवाज जैदी, ताबिश, गुलाम अब्बास, जावेद जैदी, हिलाल जैदी और असगर अली सहित सैंकड़ों लोग मौजूद रहे।

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