सहारनपुर । आनंद नगर स्थित ब्लू बर्ड स्कूल में ईद मिलादुन्नबी (12 रबी उल अव्वल) के मुबारक मौक़े पर एक तरबियती प्रोग्राम का आयोजन किया गया। जिसके मुख्य अतिथि मोलना इक़बाल अहमद फलाही रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ पवित्र क़ुरान के पाठ से किया गया।
कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर मोहम्मद ख़ालिद ने किया और अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि ईद मिलादुन्नबी मुसलमानों के के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण दिन है क्योंकि इस दिन आप हज़रत मुहम्मद स. दुनिया में तशरीफ़ लाए और तमाम दुनिया को पुरनूर किया। मौलाना इक़बाल अहमद फ़लाही ने इस अवसर पर बच्चों से वार्तालाप करते हुए कहा कि आप हज़रत मुहम्मद साहब आज के दिन तमाम आलम के लोगों पर रहमत बनाकर भेजे गए। जिन्होंने दुनिया में आकर इंसाफ़ क़ायम किया अमीर ग़रीब का फरक ख़त्म किया। उन्होंने लोगों को उनकी जाति, रंग या सामाजिक स्थिति की परवाह किए बिना समानता और भाईचारे की सीख दी एवम लोगों को गरीबों, अनाथों, विधवाओं और ज़रूरतमंदों की मदद करने के लिए प्रोत्साहित किया। आप (सल्ल.) ने शिक्षा और ज्ञान प्राप्त करने को बहुत बढ़ावा दिया और समाज में न्याय, ईमानदारी और निष्पक्षता के सिद्धांत स्थापित किए।महिलाओं की स्थिति और अधिकारों में सुधार किया, उन्हें विरासत, संपत्ति और सम्मानजनक व्यवहार का अधिकार दिया।गुलामी को हतोत्साहित किया और गुलामों को आज़ाद करने को बढ़ावा दिया।
उन्होंने लोगों को इंसानी जान, संपत्ति और सम्मान की रक्षा करना सिखाया। स्कूल डायरेक्टर मोहम्मद जमाल असलम ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि आप हज़रत मोहम्मद मुस्तफ़ा सलल्लाहु वाले वसल्लम ने शांति, माफ़ी, दया और करुणा को बढ़ावा दिया। उन्होंने बच्चियों की शिशु हत्या, शोषण और कबीलाई अन्याय जैसी हानिकारक सामाजिक प्रथाओं पर रोक लगाई ताकि नैतिक मूल्यों, आपसी सहयोग, ज़िम्मेदारी और न्याय पर आधारित समाज की स्थापना की। इस अवसर पर स्कूल की अध्यापक मुफ़्ती ज़की ,डॉक्टर मन्नान और शायान शम्सी ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि हज़रत मोहम्मद मुस्तफ़ा (सल्ल. ) ने लोगों को माता-पिता का सम्मान करने और उनके साथ दया और आज्ञाकारिता का व्यवहार करने की शिक्षा दी।
