खतौली/मुजफ्फरनगर। जनपद में सड़क सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने और राष्ट्रीय राजमार्ग पर बढ़ती दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से रविवार को पुलिस अधीक्षक नगर अमृत जैन ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के अधिकारियों के साथ खतौली से पुरकाजी के मध्य स्थित एनएच-58 का संयुक्त निरीक्षण किया। इस दौरान हाईवे पर दुर्घटना संभावित क्षेत्रों, अवैध कटों, ब्लैक स्पॉट्स और यातायात प्रबंधन व्यवस्थाओं का गहनता से जायजा लिया गया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक नगर ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर बने विभिन्न कट (यू-टर्न), सर्विस रोड, डिवाइडर, साइन बोर्ड, स्ट्रीट लाइटिंग और अन्य सुरक्षा व्यवस्थाओं का बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने विशेष रूप से उन स्थानों को चिन्हित किया जहां अनियंत्रित कट या अवैध रूप से बनाए गए रास्तों के कारण आए दिन दुर्घटनाएं होने की आशंका बनी रहती है। ऐसे स्थानों पर तत्काल प्रभाव से कार्रवाई करते हुए अवैध कटों को बंद कराने के निर्देश दिए गए।
अमृत जैन ने एनएचएआई अधिकारियों को निर्देशित किया कि चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स पर सड़क सुरक्षा मानकों के अनुरूप सुधारात्मक कार्य शीघ्र कराए जाएं।
इनमें चेतावनी संकेतक बोर्ड, रंबल स्ट्रिप, रिफ्लेक्टर, मजबूत बैरिकेडिंग तथा अन्य सुरक्षा उपकरण लगाए जाने पर जोर दिया गया। उन्होंने कहा कि दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए रात्रि के समय दृश्यता बढ़ाना बेहद आवश्यक है, इसलिए स्ट्रीट लाइट व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाए और रिफ्लेक्टिव साइन बोर्ड पर्याप्त संख्या में लगाए जाएं।
निरीक्षण के दौरान हाईवे पर यातायात संचालन को अधिक सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने के लिए सर्विस रोड की स्थिति, ओवरस्पीडिंग नियंत्रण और दुर्घटना संभावित मोड़ों पर अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस अधीक्षक नगर ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि आमजन की सहभागिता भी आवश्यक है। यातायात नियमों का पालन कर ही दुर्घटनाओं में प्रभावी कमी लाई जा सकती है।
इस संयुक्त निरीक्षण में सी ओ खतौली रूपाली राय, सी ओ सदर डॉ. रविशंकर सहित पुलिस विभाग एवं एनएचएआई के अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहें। अधिकारियों ने कहा कि निरीक्षण में चिन्हित कमियों को प्राथमिकता के आधार पर दूर कराया जाएगा, ताकि एनएच-58 पर यात्रा करने वाले लोगों को अधिक सुरक्षित और सुगम यातायात व्यवस्था उपलब्ध हो सके।






