ओडिसी नृत्य कलाकार प्रभात कुमार स्वाईं और स्वागतिका साहू ने दी मनमोहक नृत्य प्रस्तुति, भारतीय शास्त्रीय कला और विरासत से रूबरू हुए विद्यार्थी
मुजफ्फरनगर। एम.जी. पब्लिक स्कूल में भारतीय शास्त्रीय कलाओं और सांस्कृतिक विरासत से विद्यार्थियों को परिचित कराने के उद्देश्य से स्पिक मैके मुजफ्फरनगर चौप्टर की ओर से ओडिसी नृत्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रसिद्ध ओडिसी नृत्य कलाकार प्रभात कुमार स्वाईं और उनके साथ सह कलाकार नृत्यांगना स्वागतिका साहू ने मनमोहक नृत्य प्रस्तुति देकर छात्र-छात्राओं को भारतीय शास्त्रीय नृत्य की समृद्ध परंपरा और सांस्कृतिक महत्व से परिचित कराया।
एम.जी. पब्लिक स्कूल की प्रधानाचार्या श्रीमती मोनिका गर्ग ने कार्यक्रम के लिए विद्यालय प्रांगण पहुंचे कलाकार प्रभात कुमार स्वाईं और स्पिक मैके की टीम का अभिनंदन करते हुए स्वागत किया। इसके पश्चात विधिवत रूप से दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम के दौरान अतिथि कलाकार प्रभात कुमार स्वाईं ने ओडिसी नृत्य की विभिन्न मुद्राओं, भाव-भंगिमाओं और शास्त्रीय पक्षों को अपनी प्रस्तुति के माध्यम से जीवंत किया। उनके द्वारा नृत्य प्रस्तुति के शुभारंभ में मां दुर्गा के विभिन्न स्वरूप और उनकी महिमा के गुणगान को समर्पित मंगलाचरण नृत्य प्रस्तुत किया। इसके बाद भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं और मां यशोदा के दुलार पर आधारित मुखज अभिनय नृत्य का सुन्दर प्रस्तुतिकरण किया। भगवान जगन्नाथ की महिमा के भजन पर नृत्य के साथ ही उनके द्वारा ईश्वर की प्राप्ति के लिए आध्यामिक प्र्रस्तुति मोक्षम् नृत्य के साथ संगीत और नृत्य के माध्यम से प्रभु से जुड़ाव की सीख दी।

उनकी सह नृत्य कलाकार स्वागतिका साहू के द्वारा ओडीसी नृत्य शैली के प्रसिद्ध शुद्ध नृत्य खंड रागेश्री पल्लवी की प्रस्तुति देकर प्रशंसा प्राप्त की। इस प्रस्तुति में उन्होंने सुन्दर मुद्राएं, जटिल पदचाप और संगीत का अनूठा मेल के सहारे प्रभावशाली प्रस्तुति के साथ विद्यार्थियों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम के दौरान नृत्य प्रस्तुति में बांसुरी वादक विश्वजीत प्रधान, मृदंग वादक रोहित कुमार प्रधान और गायक रत्नाकर पात्रा द्वारा मुख्य कलाकारों का साथ दिया गया।

छात्र-छात्राओं ने उत्सुकता के साथ नृत्य की बारीकियों को देखा और भारतीय कला एवं संस्कृति के विविध आयामों की जानकारी कलाकारों से अनेक प्रश्नों के माध्यम से प्राप्त की। इस अवसर पर ओडीसी नृत्य कलाकार प्रभात कुमार स्वाईं विद्यार्थियों को बताया गया कि ओडिसी भारत की प्रमुख शास्त्रीय नृत्य शैलियों में से एक है, जिसकी अपनी विशिष्ट मुद्राएं, अभिनय, संगीत और भावाभिव्यक्ति है। शिक्षा के साथ ही भारतीय पुरानी सांस्कृतिक धरोहरों को बचाने के लिए भी नृत्य और संगीत के क्षेत्र में आकर युवाओं को अपना योगदान देने के लिए भी उन्होंने प्रेरित किया।

प्रधानाचार्या श्रीमती मोनिका गर्ग ने कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित न रखते हुए उन्हें देश की समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं से प्रत्यक्ष रूप से जोड़ना रहा। उन्होंने स्पिक मैके मुजफ्फरनगर चैप्टर के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि भारत की गीत, संगीत और नृत्य के रूप में पुरानी एवं पारंपरिक धरोहरों को सहेजने और संरक्षित करने में संस्था का बड़ा योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि शास्त्रीय संगीत और नृत्य कला हमें ईश्वर तक ले जाने का माध्यम है और आध्यात्म इस कला की आत्मा है। इस प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम विद्यार्थियों में भारतीय कला, संगीत और परंपराओं के प्रति रुचि एवं सम्मान की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम के अंत में अतिथि कलाकारों को प्रधानाचार्या श्रीमती मोनिका गर्ग द्वारा स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस दौरान मुख्य रूप से स्पिक मैके के नेशनल चेयरपर्सन डॉ. आरएम तिवारी, डॉ. मृदुला मित्तल, नीति मित्तल, भावना सिंघल, डॉ. गरिमा जैन, इंजी. अशोक अग्रवाल, आर्यन त्यागी भी मौजूद रहे। संचालन शिक्षिका श्रीमती दीपाली गोयल द्वारा किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं अन्य स्टाफ का सराहनीय सहयोग प्राप्त हुआ।
