की वोटर्स संवाद में पूर्व सांसद राजपाल सैनी से की सीएम योगी ने चर्चा

मुजफ्फरनगर। मीरापुर विधानसभा उपचुनाव में एनडीए की जीत के लिए मोरना में जनसभा करने आये मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की वोटर्स मीटिंग के दौरान भाजपा और रालोद के प्रमुख नेताओं के साथ मीटिंग की।

सूत्रों के अनुसार जब सीएम योगी और जयंत चौधरी नेताओं संग प्रत्याशी मिथलेश पाल के पक्ष में मजबूत प्रचार ओर बूथ प्रबंधन के लिए चर्चा कर रहे थे तो इसी बीच उन्होंने पूर्व सांसद और यहां से टिकट के प्रबल दावेदार राजपाल सैनी का नाम लिये बिना ही इशारा करते हुए कहा कि हमारे पास मीरापुर जीतने के लिए और भी ज्यादा मजबूत दावेदार थे, लेकिन जयंत जी ने मिथलेश को चुना तो हम मिलकर उनको लड़ा रहे हैं। उन्होंने मीटिंग में नाम लेकर राजपाल सैनी को बुलाया। यहां निर्देश देते हुए कहा कि सभी वरिष्ठ नेता टोलियां बनाकर छोटे छोटे प्रोग्राम करते हुए अपने प्रभाव वाले क्षेत्रों में काम करें। किसी टोली को मंत्री अनिल कुमार, किसी को मंत्री सोमेन्द्र तोमर लीड करें तो किसी को पूर्व सांसद राजपाल सैनी नेतृत्व दें, ये टोलियां छोटे-छोटे संवाद करें, नुक्कड़ सभाएं करें।

इसे भी पढ़ें:  पेंशन नियमों पर पारित विधेयक के खिलापफ पेंशनर्स में आक्रोश

एनडीए की जीत का किया ट्वीट, सपा-कांग्रेस से पूछा तीखा सवाल

मुजफ्फरनगर। मुख्मयंत्री योगी आदित्यनाथ ने मीरापुर सीट के विधानसभा चुनाव में एनडीए की जीत के भरोसे को लेकर ट्वीट किया तो वहीं जनसभा में कश्मीर को लेकर सपा और कांग्रेस से तीखा सवाल भी पूछा। मोरना पहुंचने से पहले सीएम योगी ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि जनपद मुजफ्फरनगर के मीरापुर विधान सभा क्षेत्र की राष्ट्रवादी जनता सुशासन, सुरक्षा और विकास के लिए एनडीए को चुनने जा रही है।

इसे भी पढ़ें:  सुप्रीम कोर्ट ने ठुकराई सरकार की हर दलील, कांवड़ मार्ग पर नाम नहीं लिखेंगे दुकानदार


इसके बाद मोरना में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए अनुच्छेद 370 का जिक्र किया। इसके साथ ही कांग्रेस और समाजवादी पार्टी को इस पर चुप्पी के लिए घेरते हुए सीएम योगी ने कहा कि आपने हाल ही में जम्मू-कश्मीर विधानसभा में पारित प्रस्ताव देखा होगा, जिसमें उन्होंने कहा है कि वे अनुच्छेद 370 को पुनः लागू करेंगे, इसका मतलब है कि जिस आतंकवाद की जड़ अनुच्छेद 370 है, जिसे 5 अगस्त 2019 को प्रधानमंत्री मोदी ने हमेशा के लिए समाप्त कर दिया। कांग्रेस और समाजवादी पार्टी को अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए और जम्मू-कश्मीर विधानसभा के इस प्रस्ताव पर बोलना चाहिए। सीएम योगी ने सवाल किया कि विपक्ष इस पर चुप क्यों है? फिलिस्तीन के नाम पर आंसू बहाने वाले लोग, पाकिस्तान के नाम पर आंसू बहाने वाले लोग, जम्मू-कश्मीर के मामले पर मौन क्यों बैठे हुए हैं?

इसे भी पढ़ें:  सभासद खालिद ने राशन वितरण में पुरानी प्रणाली लागू करने की उठाई मांग
Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *