शेरपुर खादर में बांध और पुरकाजी को तहसील बनाने की मांग पर भाकियू नेता जहीर फाकरूी ने किसानों के साथ की दस किलोमीटर की पदयात्रा, उमड़ा किसानों और ग्रामीणों का सैलाब
मुजफ्फरनगर। पुरकाजी क्षेत्र को तहसील का दर्जा दिलाने और शेरपुर खादर क्षेत्र में बाढ़ से बचाव के लिए बांध का निर्माण कराने की मांग को लेकर भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) ने शनिवार को बड़ा आंदोलन किया। शेरपुर खादर से पुरकाजी कस्बे तक करीब 10 किलोमीटर की पैदल पदयात्रा निकाली गई। भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने पदयात्रा की अगुवाई की।
पदयात्रा में भाकियू के राष्ट्रीय सचिव एवं पुरकाजी नगर पंचायत चेयरमैन जहीर फारुकी, जिलाध्यक्ष नवीन राठी और पुरकाजी ब्लॉक अध्यक्ष मोनू प्रधान समेत बड़ी संख्या में किसान संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। शेरपुर खादर से शुरू हुआ मार्च विभिन्न रास्तों से होते हुए पुरकाजी ब्लॉक परिसर पहुंचा। पदयात्रा में सैकड़ों ट्रैक्टरों के साथ हजारों किसान और ग्रामीण शामिल हुए। किसानों के हाथों में अपनी मांगों से संबंधित नारे लिखी तख्तियां और झंडे नजर आए। पूरे रास्ते किसानों ने एकजुटता के साथ अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की।
पदयात्रा में शामिल किसानों और ग्रामीणों ने कहा कि खादर क्षेत्र में हर वर्ष बरसात के मौसम में बाढ़ का पानी आने से किसानों की सैकड़ों बीघा फसलें बर्बाद हो जाती हैं। ग्रामीणों के मुताबिक शेरपुर खादर क्षेत्र में स्थायी बांध का निर्माण होने से बाढ़ के पानी से किसानों की फसलों और आबादी को काफी हद तक सुरक्षा मिल सकती है। ग्रामीणों ने कहा कि पुरकाजी को तहसील का दर्जा मिलने से क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। वर्तमान व्यवस्था में तहसील संबंधी कार्यों के लिए लोगों को दूर मुजफ्फरनगर जाना पड़ता है। ग्रामीणों ने कहा कि नगर पंचायत चेयरमैन जहीर फारुकी भी लगातार इस मांग को शासन-प्रशासन के समक्ष उठाते रहे हैं। वहीं, शेरपुर खादर में बांध निर्माण की मांग को लेकर भी उन्होंने किसानों के साथ आवाज उठाई है।

पुरकाजी ब्लॉक पहुंचने के बाद पदयात्रा सभा में तब्दील हो गई। यहां चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि खादर क्षेत्र के किसानों की समस्या केवल एक-दो गांवों की समस्या नहीं है, बल्कि हर साल बाढ़ के कारण बड़ी संख्या में किसानों को नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि शेरपुर खादर में बांध का निर्माण किसानों की फसलों और उनके भविष्य की सुरक्षा से जुड़ा मुद्दा है। किसानों की मांगों को लेकर भाकियू आंदोलन जारी रखेगी और शासन-प्रशासन से इसका स्थायी समाधान कराने की मांग की जाएगी।
जहीर फारुकी ने कहा कि पुरकाजी को तहसील का दर्जा दिलाना क्षेत्र की लंबे समय से चली आ रही जरूरत है। उन्होंने कहा कि पुरकाजी और खादर क्षेत्र के लोगों को छोटे-छोटे प्रशासनिक कार्यों के लिए मुजफ्फरनगर जाना पड़ता है। दूरी के कारण किसानों, मजदूरों और कामकाजी लोगों का समय और पैसा दोनों खर्च होते हैं। पुरकाजी में तहसील बनने से आसपास के गांवों के लोगों को बड़ी सुविधा मिलेगी।
पदयात्रा में ट्रैक्टर के साथ दिखा बुलडोजर भी बना आकर्षण का केंद्र
शेरपुर खादर से पुरकाजी तक निकाली गई पदयात्रा में किसानों के ट्रैक्टरों के साथ एक बुलडोजर भी नजर आया। किसानों की भीड़ के आगे जेसीबी चलती रही। पदयात्रा के दौरान ट्रैक्टरों और जेसीबी के साथ किसानों का काफिला आगे बढ़ता रहा, जो क्षेत्र में किसानों की मांगों को लेकर चल रहे आंदोलन का अलग दृश्य रहा।
