मुजफ्फरनगर-किसान से 20 हजार रुपये रिश्वत लेते भ्रष्ट लेखपाल रंगे हाथ गिरफ्तार

गिरफ्तार लेखपाल राजन कुमार को मुथरा गांव का हल्का आवंटित है। मूल रूप से वह अंकित विहार का निवासी है और रामपुरी में एक कैम्प कार्यालय चला रहा था।

मुजफ्फरनगर। भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाई जा रही मुहिम के तहत एंटी करप्शन टीम ने बुधवार को मुजफ्फरनगर में एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। टीम ने एक किसान से जमीन की पैमाइश के एवज में 20 हजार रुपये रिश्वत मांगने वाले लेखपाल को उसके ही कैम्प कार्यालय से रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
सहारनपुर एंटी करप्शन टीम ने बुधवार को मुजफ्फरनगर में चकबंदी लेखपाल राजन कुमार को 20 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया। आरोपी लेखपाल किसान नरेंद्र कुमार से उसकी भूमि की पैमाइश और चकबंदी की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के बदले रिश्वत की मांग कर रहा था। टीम के अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तार लेखपाल राजन कुमार को चरथावल क्षेत्र के मुथरा गांव का हल्का आवंटित है। मूल रूप से वह अंकित विहार का निवासी है और अपने कार्यों के संचालन के लिए मोहल्ला रामपुरी में एक कैम्प कार्यालय चला रहा था।
शिकायतकर्ता नरेंद्र कुमार, जो सरधना क्षेत्र के रहने वाले किसान हैं, ने बताया कि उनकी मुथरा गांव में लगभग तीस बीघा जमीन है। उन्होंने जमीन की पैमाइश और चकबंदी कराने के लिए आवेदन किया था, लेकिन लेखपाल द्वारा जानबूझकर पैमाइश में देरी की जा रहा था। किसान का आरोप है कि जब उसने पैमाइश करने का आग्रह किया तो लेखपाल ने उससे 20 हजार रुपये की रिश्वत मांग ली। निरंतर परेशान होने और मजबूरी में किसान ने एंटी करप्शन विभाग से संपर्क किया। शिकायत की पुष्टि होने पर टीम ने योजना बनाकर बुधवार को लेखपाल को रंगे हाथ पकड़ने का जाल बिछाया। तय समय पर किसान को रामपुरी स्थित कैम्प कार्यालय बुलाया गया, जहां जैसे ही लेखपाल राजन कुमार ने रिश्वत की रकम स्वीकार की, एंटी करप्शन टीम ने दबिश देकर उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। टीम ने रिश्वत की बरामद रकम को भी अपने कब्जे में ले लिया है। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हड़कंप मचा हुआ है, वहीं किसानों ने एंटी करप्शन टीम की तत्परता की सराहना की है और उम्मीद जताई कि ऐसी कार्रवाइयों से सरकारी कामकाज में पारदर्शिता बढ़ेगी।

इसे भी पढ़ें:  Muzaffarnagar News: शादी से पहले युवती की हत्या, आरोपी युवक ने की आत्महत्या

Also Read This

गोरखपुर पत्रकार अग्निवेश सिंह हत्या पर पत्रकारों का आक्रोश

गोरखपुर। गोरखपुर पत्रकार अग्निवेश सिंह हत्या मामले ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। शुक्रवार सुबह साढ़े 10 बजे के करीब नाली में पाइप डालकर जल निकासी को लेकर हुए विवाद में पत्रकार अग्निवेश सिंह की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। गंभीर रूप से घायल अवस्था में उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है और बड़ी संख्या में पत्रकार जिला अस्पताल पहुंच गए। मामूली कहासुनी ने लिया हिंसक रूप मिली जानकारी के अनुसार, 38 वर्षीय अग्निवेश सिंह गोरखपुर के बांसगांव कस्बे के निवासी थे। शुक्रवार सुबह नाली में पाइप डालकर पानी निकासी को लेकर

Read More »

अखिलेश यादव का भाजपा पर हमला, केजरीवाल को लेकर तीखा वार

नई दिल्ली। अखिलेश यादव का भाजपा पर हमला उस समय तेज हो गया जब दिल्ली की अदालत से अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को राहत मिली। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लंबा पोस्ट साझा कर भाजपा को ‘कपटजीवी’ और ‘विचारवंशी’ बताया। उन्होंने केजरीवाल को मिली राहत को सत्य की जीत करार देते हुए भाजपा पर गंभीर राजनीतिक आरोप लगाए। ‘सत्य की जीत’ और भाजपा पर विश्वासघात का आरोप अखिलेश यादव ने लिखा कि आज सत्य और न्याय दोनों केजरीवाल के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी आरोप इतना बड़ा नहीं हो सकता जो सच को ढंक सके। उन्होंने भाजपा पर दिल्ली की

Read More »

अवनीश अवस्थी सेवा विस्तार, यूपी विकास को नई रफ्तार

लखनऊ। अवनीश अवस्थी सेवा विस्तार को लेकर बड़ा निर्णय लिया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मुख्य सलाहकार और रिटायर्ड आईएएस अधिकारी अवनीश अवस्थी का कार्यकाल एक वर्ष के लिए बढ़ा दिया गया है। राज्यपाल की अनुमति के बाद जारी आदेश के अनुसार वह अब फरवरी 2027 तक इस पद पर बने रहेंगे। यह उन्हें चौथी बार सेवा विस्तार मिला है। शासन का मानना है कि उनकी प्रशासनिक निरंतरता से विकास कार्यों की गति बनी रहेगी। चौथी बार मिला सेवा विस्तार 1987 बैच के आईएएस अधिकारी अवनीश अवस्थी 31 अगस्त 2022 को सेवानिवृत्त हुए थे। इसके बाद उनकी प्रशासनिक दक्षता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने उन्हें अपना सलाहकार नियुक्त किया

Read More »

दिल्ली आबकारी नीति मामला: कोर्ट ने खारिज किए आरोप

नई दिल्ली। दिल्ली आबकारी नीति मामला में राउज एवेन्यू कोर्ट ने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया समेत कई आरोपियों को आरोप मुक्त कर दिया है। अदालत ने अपने आदेश में कहा कि प्रथम दृष्टया किसी आपराधिक षड्यंत्र के पर्याप्त आधार नहीं मिले। फैसले के बाद अरविंद केजरीवाल भावुक हो गए और मीडिया से बातचीत के दौरान उनकी आंखों में आंसू आ गए। हालांकि, मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले में अरविंद केजरीवाल को अभी कोई राहत नहीं मिली है। कोर्ट का क्या रहा तर्क? विशेष न्यायाधीश जितेंद्र सिंह ने 12 फरवरी को हुई सुनवाई के बाद आरोप तय करने के मुद्दे पर फैसला सुरक्षित रख लिया था।

Read More »